अमेरिका द्वारा जनरल सुलेमानी की हत्या के बाद ईरान बदले की आग में जल रहा है। दोनों देशों के बीच वार-पलटवार का दौर जारी है। दोनों देश एक-दूसरे को युद्ध की धमकी दे रहे हैं।
इन सब के बीच अब अमेरिका के विदेश मंत्री माइक पोम्पियो ने ट्रंप के द्वारा लिए गए फैसले को सही ठहराया है। उन्होंने कहा कि सुलेमानी के आतंक को रोकने के लिए उसे मारने का फैसला बिल्कुल सही था।
पोम्पियो ने बगदाद एयरपोर्ट पर किए गए एयरस्ट्राइक को सही ठहराते हुए कहा कि सुलेमानी को मारने का फैसला बिल्कुल सही था क्योंकि वह अमेरिका सहित पड़ोसी देशों में अपना आतंक फैलाना चाहता था।
वाशिंगटन पोस्ट के अनुसार पोम्पियो, सुलेमानी के खात्मे के लिए एक महीना पहले ही सैन्य अभियान चलाना चाहते थे लेकिन अमेरिका में आगामी राष्ट्रपति चुनाव होने के कारण ट्रंप ने सहमति नहीं दी।
लेकिन अपने दूतावास पर हमले के बाद ट्रंप और पोम्पियो एक्शन मोड में आ गए और इस हमले की साजिश का शक पूरी तरह से ईरानी जनरल सुलेमानी और अबु महदी पर आकर टिकी थी।
अब पोम्पियो और ट्रंप सुलेमानी को खत्म करने के लिए योजना बनाने लगे और इस दौरान दोनों नेताओं में कई बार बात हुई। फिर 29 दिसंबर को पोम्पियो अपने अधिकारियों के साथ राष्ट्रपति ट्रंप से उनके फ्लोरिडा स्थित निजी क्लब में मुलाकात की और यहीं पर सारी योजनाएं बनाई गईं फिर ऑपरेशन को अंजाम दिया गया।
बता दें कि ईरानी जनरल सुलेमानी की हत्या के बाद दोनों देशों के बीच तनाव अपने चरम पर है। ईरान ने तो अपने नेता की हत्या के बाद लाल झंडे लगाकर युद्ध तक की घोषणा भी कर दी।