अमेरिका में एक पुलिस अधिकारी की बर्बरता के कारण अश्वेत जॉर्ज फ्लॉयड की हत्या ने पूरी दुनिया में क्रांति पैदा कर दी। अफ्रीकी मूल के अमेरिकी जॉर्ज फ्लॉयड को ह्यूस्टन शहर में उनकी मां की कब्र के बगल में दफनाया गया। इस दौरान उनके भाई रोडनी ने नम आंखों से कहा कि दुनिया भर में उसे याद रखा जाएगा। वह दुनिया बदलने जा रहा है।
अंतिम संस्कार से पहले अमेरिकी राष्ट्रपति चुनाव के संभावित उम्मीदवार और डेमोक्रेटिक नेता जो बिडेन ने फ्लॉयड के परिवार के प्रति संवेदना जताते हुए कहा, ‘यह एक बड़ा बोझ है। एक बोझ जो अब आपका मकसद है कि दुनिया को बेहतर बनाना है।’ उनके अंतिम संस्कार में 500 लोगों ने बहुत ही शांतिपूर्ण और गरिमा के साथ भाग लिया। जॉर्ज के अंतिम संस्कार के दौरान लोग कोरोना वायरस संक्रमण को ध्यान में रखते हुए सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करते हुए छोटे-छोटे समूहों में आ रहे थे। इस दौरान आयोजक स्वास्थ्य जांच करके यह सुनिश्चित कर रहे थे कि सभी ने फेस्क मास्क पहन रखा हो। ह्यूस्टन फाउंटेन ऑफ प्राइज चर्च में छह घंटे तक उनका ताबूत रखा गया और चर्च से कब्रिस्तान तक उनका शव सफेद घोड़े वाली बग्घी में लाया गया। यहां एक श्रद्धांजलि सभा के बाद जॉर्ज का शव उनकी मां की कब्र के पास दफना दिया गया।
श्रद्धांजलि सभा में शामिल हुई जॉर्ज की 6 साल की बेटी जियाना
जॉर्ज की छह साल की बेटी जियाना भी अपनी मां के साथ इस श्रद्धांजलि सभा में शामिल हुई, हालांकि वह नहीं जानती है कि उसके पिता की मौत कैसे हुई। एक वीडियो संदेश में जो बिडेन ने कहा कि किसी बच्चे को ऐसे सवाल नहीं पूछने चाहिए जो उनके अश्वेत बच्चे पीढ़ियों से पूछते आ रहे हैं कि हमारे पिता कहां चले गए। लेकिन आप लोग सचमुच बहुत बहादुर हैं।
अश्वेत पर कार्रवाई का नया वीडियो आया सामने
लुइसियाना क्षेत्र में एक नया अनकवर्ड वीडियो सामने आया है, जिसमें पुलिस अधिकारी एक अश्वेत को बार-बार घूसा मार रहा है। हिरासत में लेने के बाद अश्वेत नागरिक की मौत हो गई। न्यूज चैनल केएसएलए पर चले इस वीडियो के मुताबिक 5 अप्रैल को टॉमी डेल मैकग्लोथेन के साथ उत्तरी लुइसियाना में चार पुलिस अधिकारियों के बीच झड़प हुई। छह अप्रैल को स्थानीय अस्पताल में उसकी मृत्यु हो गई। वीडियो सामने आने के बाद अब लुइसियाना में विरोध प्रदर्शन हो रहे हैं। लोग पुलिसकर्मियों के खिलाफ विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं।
पुलिस गोपनीयता कानून खत्म करने को आगे बढ़े न्यूयॉर्क के सांसद
जॉर्ज फ्लायड की मौत के बाद राष्ट्रीय हंगामे के बीच न्यूयॉर्क के सांसदों ने एक सरकारी कानून को निरस्त करने की तैयारी की है, जिसमें लंबे समय तक पुलिस अधिकारियों के अनुशासनात्मक रिकॉर्ड गुप्त रहते हैं। अधिकारियों के रिकॉर्ड और दुर्व्यवहार की शिकायतों को सार्वजनिक करने का यह कदम पुलिस की जवाबदेही तय करने वाले उन कई विधेयकों में से एक है, जिन पर राज्य विधायिका में विचार चल रहा है। इनमें से कई विधेयकों का प्रस्ताव सालों पहले रखा गया था लेकिन पुलिस क्रूरता की निंदा करते हुए देशव्यापी प्रदर्शनों के बाद इनकी मांग तेज हो गई है।