सीरिया में कई वर्षों बाद विद्रोही गुटों ने एक बार फिर अलेप्पो पर बड़ा हमला किया है। इस हमले में करीब 100 लोगों के मारे जाने की सूचना है। मृतक संख्या की पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन विद्रोहियों ने अलेप्पो शहर पर कब्जा कर लिया है और इसे विफल करने में मदद के लिए सीरिया को रूस ने अतिरिक्त मदद का वादा किया है। सीरियाई विद्रोहियों के अलेप्पो के मध्य तक पहुंचने के चलते सेना ने शहर का हवाईअड्डा और सभी सड़कें बंद कर दी हैं।
युद्धक विमानों से विद्रोहियों पर हमले, 20 लड़ाके मरे
इदलिब में हुए हमलों का जवाब
लड़ाकों ने कहा, यह अभियान हाल के हफ्तों में विद्रोही कब्जे वाले इदलिब शहर में रूसी और सीरियाई वायुसेना द्वारा नागरिकों पर बढ़ाए गए हमलों के जवाब में किया गया। लड़ाकों का इरादा सीरियाई सेना के किसी भी हमले को रोकने के लिए था। दमिश्क को उम्मीद है कि अगले 72 घंटों में सीरिया के तटीय शहर लताकिया के पास रूस के हमीमिम एयरबेस पर नए रूसी सैन्य उपकरणों का आगमन शुरू हो जाएगा।
हमले में तुर्किये के साथ की आशंका
तुर्किये के खुफिया विभाग के संपर्क में विपक्षी सूत्रों ने कहा कि विद्रोहियों का समर्थन करने वाले इस पड़ोसी ने हमलों को हरी झंडी दी है। तुर्किये शुरू से विद्रोहियों को समर्थन देते हुए रूस और सीरियाई सरकार के खिलाफ लड़ाई लड़ता रहा है। हालांकि तुर्किये के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ओन्कू केसेली ने चेतावनी दी है कि हाल के हमलों से तनाव घटाने के समझौते कमजोर होंगे। उन्होंने तुर्किये क्षेत्र से लगे इलाके में अधिक अस्थिरता से बचने की कोशिश भी की। यह हमला मार्च 2020 के बाद से सबसे बड़ा हमला है, जब रूस और तुर्किये संघर्ष को कम करने के लिए एक समझौते पर सहमत हुए थे।