सुनक ने इससे पहले जुलाई में कहा था, मैं इस क्षेत्र और दुनिया के सबसे बड़े लोकतंत्र के रूप में भारत की बढ़ती प्रभावशाली भूमिका का समर्थन करता हूं। इस दिशा में एफटीए एक बड़ा कदम साबित होगा।
भारत और ब्रिटेन के बीच मुक्त व्यापार समझौते (एफटीए) की समयसीमा दीपावली तक रखी गई थी। लेकिन ब्रिटेन में राजनीतिक परिवर्तन के बीच इस समझौते की समयसीमा पार हो गई। हालांकि, इस बीच भारतीय मूल के ऋषि सुनक ब्रिटेन के नए प्रधानमंत्री बन गए। इससे समझौते के लिए बातचीत में तेजी की उम्मीद की जा रही है।
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जॉनसन के भारत दौरे के दौरान तय हुई थी समयसीमा
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नरेंद्र मोदी, बोरिस जॉनसन के साथ
- फोटो : social media
इसी साल अप्रैल में पूर्व प्रधानमंत्री बोरिस जॉनसन ने भारत का दौरा किया था। इस दौरान उन्होंने इस समझौते को पूरा करने की समयसीमा तय की थी। वहीं, नए प्रधानमंत्री सुनक ने भी एफटीए के प्रति अपनी प्रतिबद्धता व्यक्त की है। सुनक ने वित्तीय सेवाओं को द्विपक्षीय व्यापार संबंधों के विशेष रोमांचक पहलू के रूप में चिह्नित किया है। उन्होंने वित्तीय प्रौद्योगिकी व बीमा क्षेत्र में दोनों देशों के लिए भारी अवसरों की ओर इशारा किया है।
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एफटीए को लेकर सुनक ने जुलाई में क्या कहा था?
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ऋषि सुनक
- फोटो : ट्विटर/ ऋषि सुनक
सुनक ने इससे पहले जुलाई में कहा था, मैं इस क्षेत्र और दुनिया के सबसे बड़े लोकतंत्र के रूप में भारत की बढ़ती प्रभावशाली भूमिका का समर्थन करता हूं। इस दिशा में एफटीए एक बड़ा कदम साबित होगा।
एफटीए को सही दिशा में जाएगा : सिटी ऑफ लंदन कॉरपोरेशन
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सिटी ऑफ लंदन कॉर्पोरेशन
- फोटो : सोशल मीडिया
वहीं, लंदन के वित्तीय केंद्र 'सिटी ऑफ लंदन कॉर्पोरेशन' ने उम्मीद जताई है कि सुनक का वित्तीय सेवाओं पर ध्यान एफटीए को सही दिशा में ले जाएगा। सिटी ऑफ लंदन कॉरपोरेशन के पॉलिसी चेयरमैन क्रिस हेवर्ड ने कहा, भारत के साथ व्यापार समझौता ब्रिटेन के लिए सबसे महत्वकांक्षी और व्यावसायिक रूप से सार्थक समझौतों में से एक हो सकता है।
इसके अलावा, अब विशेषज्ञ भी मान रहे हैं कि ब्रिटेन में राजनीतिक स्थिरता अब समझौते के लिए बातचीत को तेज करने में मदद करेगी। इससे दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय व्यापार और निवेश को बढ़ावा मिलेगा।
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भारत के लिए बहुत ही सकारात्मक खबर : उपाध्यक्ष, फियो
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आयात-निर्यात
- फोटो : pixabay
भारतीय निर्यातकों के प्रमुख संगठन फियो के उपाध्यक्ष खालिद खान ने कहा, यह भारत के लिए एक बहुत ही सकारात्मक खबर है। यह घटनाक्रम निश्चित रूप से एफटीए को लेकर बातचीत को जरूरी गति देने में मदद करेगा।
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घरेलू मुद्दों पर ध्यान केंद्रित करेंगे नए ब्रिटिश प्रधानमंत्री : प्रो. बिस्वजीत धर
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ऋषि सुनक
- फोटो : ट्विटर / ऋषि सुनक
हालांकि, जवाहर लाल नेहरू विश्वविद्यालय के प्रोफेसर बिस्वजीत धर ने कहा, ब्रिटेन के नए प्रधानमंत्री पहले घरेलू मुद्दों पर ध्यान केंद्रित करेंगे और अर्थव्यवस्था को व्यवस्थित करेंगे। संकट की स्थिति में व्यापार समझौते नहीं होते हैं। ये तब होते हैं, जब अर्थव्यवस्था अच्छा प्रदर्शन कर रही होती है।
अक्तूबर में वाणिज्य सचिव ने इस समझौते को लेकर क्या कहा
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भारत और ब्रिटेन का झंडा
- फोटो : ANI
इससे पहले वाणिज्य सचिव सुनील बर्थवाल ने बीस अक्तूबर को कहा था कि भारत और ब्रिटेन के बीच प्रस्तावित व्यापार समझौते के लिए बातचीत सही दिशा में आगे बढ़ रही है और दोनों पक्षों के जल्द ही एक समझौते पर पहुंचने की उम्मीद है।