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US: अमेरिका में अवैध अप्रवासियों के खिलाफ सीनेट ने पारित किया विधेयक, राष्ट्रपति ट्रंप के हस्ताक्षर का इंतजार

Tue, 21 Jan 2025 08:02 AM IST
बशु जैन वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, वॉशिंगटन

सार

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप चुनाव जीतने के बाद से ही अमेरिका में अवैध प्रवासियों को लेकर मुखर रहे हैं। राष्ट्रपति के शपथ लेने के बाद ही अमेरिकी सीनेट ने अवैध अप्रवास को लेकर बिल पास किया। इस विधेयक को 64-35 से पारित किया गया। इस विधेयक को लैकेन रिले एक्ट नाम दिया गया है। 
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डोनाल्ड ट्रंप - फोटो : ANI/Reuters
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विस्तार
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अमेरिका में राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के शपथ लेने के तुरंत बाद ही सीनेट ने अवैध रूप से रह रहे प्रवासियों को निर्वासित करने वाला विधेयक पारित कर दिया। इस विधेयक के तहत संघीय प्राधिकारियों को चोरी और हिंसक अपराधों के आरोपी प्रवासियों को हिरासत में लिया जाएगा। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के हस्ताक्षर के बाद यह विधेयक कानून बन जाएगा। 

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अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप चुनाव जीतने के बाद से ही अमेरिका में अवैध प्रवासियों को लेकर मुखर रहे हैं। राष्ट्रपति के शपथ लेने के बाद ही अमेरिकी सीनेट ने अवैध अप्रवास को लेकर बिल पास किया। इस विधेयक को 64-35 से पारित किया गया। इस विधेयक को लैकेन रिले एक्ट नाम दिया गया है। 

सीनेटर केटी ब्रिट आर एला ने कहा कि यदि आप देश में अवैध रूप से आते हैं और कोई अपराध करते हैं तो आपको देश की सड़कों पर घूमने की आजादी नहीं होनी चाहिए। अब यह विधेयक हाउस ऑफ रिप्रजेंटेटिव में जाएगा। जहां सीनेट की ओर से किए गए बदलावों पर विचार किया जाएगा। इस कानून के तहत पुलिस को दुकानों से सामान चुराने, किसी को घायल करने वाले और जान से मारने वाले आरोपी प्रवासियों को हिरासत में लेना होगा। 
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आव्रजन के खिलाफ मुखर रहे हैं ट्रंप
राष्ट्रपति ट्रंप अवैध आव्रजन को लेकर लगातार मुखर रहे हैं। उन्होंने शपथ ग्रहण में भी कहा कि हम नहीं चाहते कि अपराधी हमारे देश में आएं। वह एक या दो सप्ताह में विधेयक पर हस्ताक्षर कर देंगे। उन्होंने कहा कि हम लाखों-करोड़ों अवैध प्रवासियों को वापस भेजने की प्रक्रिया तत्काल शुरू करेंगे। 

विधेयक पर आएगा 83 बिलियन अमेरिकी डॉलर का खर्च
विधेयक को लेकर आलोचना भी शुरू हो गई। आलोचकों का कहना है कि यह विधेयक अटॉर्नी जनरल के लिए संघीय आव्रजन निर्णयों के खिलाफ कानूनी लड़ाई छेड़ने का रास्ता खोलेगा। इससे आव्रजन नीति में और भी अनिश्चितता पैदा होगी। इसके अलावा अभी विधेयक के लिए बजट का प्रावधान नहीं किया गया है। 

अनुमान लगाया जा रहा है कि अगले तीन साल में विधेयक पर 83 बिलियन अमेरिकी डॉलर का खर्च आएगा। अमेरिकी आव्रजन और सीमा शुल्क प्रवर्तन का अनुमान है कि बिल को लागू करने के लिए उसे हिरासत में लेने वालों की संख्या तीन गुना बढ़ानी होगी। वहीं वॉशिंगटन सीनेटर पैटी मरे का कहना है कि एक ऐसे विधेयक पर अधिक धन खर्च किया जा रहा है जो अराजकता पैदा करेगा। वैध अप्रवासियों को दंड देगा और अमेरिका में उचित प्रक्रिया को कमजोर करेगा। 

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