रूस-यूक्रेन युद्ध में पिछले एक सप्ताह के भीतर निर्णायक बदलाव आए हैं। यूक्रेनी राष्ट्रपति ने दावा किया कि उनकी सेना ने अब तक 6,000 वर्ग किमी क्षेत्र रूसी सेना से दोबारा अपने नियंत्रण में ले लिया है। इसी उत्साह में यूक्रेन ने मंगलवार को कहा कि उसने उत्तर-पूर्व में रूसी सेना को खदेड़ने के बाद अब अपने सभी क्षेत्रों को मुक्त कराने का लक्ष्य रखा है। रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के लिए यह एक बड़ा झटका है।
खारकीव क्षेत्र में उग्र संघर्ष के बीच यूक्रेनी उप रक्षा मंत्री हन्ना मलयार ने पुन: कब्जा किए दक्षिण-पूर्व स्थित बालाक्लिया शहर में कहा, हमारी सेना अच्छी प्रगति कर रही है। उनका ऑपरेशन सुनियोजित है। यूक्रेन की दक्षिणी कमान ने कहा कि उसके बलों ने पिछले 24 घंटों में 500 वर्ग किमी क्षेत्र पर कब्जा किया है। इस हमले में 59 रूसी सैनिक मारे गए और 20 सैन्य उपकरण नष्ट हो गए। यूक्रेनी बलों ने सितंबर की शुरुआत से अब तक रूसी सेना को पीछे हटने के लिए मजबूर कर 6,000 वर्ग किमी क्षेत्र पर दोबारा नियंत्रण हासिल कर लिया है। राष्ट्रपति जेलेंस्की ने कहा, हमारी सेना बहुत तेजी से आगे बढ़ रही है। उन्होंने अपने विमान रोधी रक्षा बलों को भी इस सफलता पर धन्यवाद कहते हुए पश्चिम से हथियार प्रणालियों की आपूर्ति में तेजी लाने की अपील की।
यूक्रेन सीमा पर बड़े हमले जारी : रूस
रूसी रक्षा मंत्रालय ने संघर्ष को लेकर अपनी दैनिक ब्रीफिंग में कहा कि यूक्रेनी सशस्त्र बलों की इकाइयों पर वायु, रॉकेट और तोपखाने के साथ बड़े हमले किए जा रहे हैं। मंत्रालय ने कहा कि रूस ने पूर्वी दोनेस्क क्षेत्र में स्लोवियांस्क और कोंस्तेन्तिनोव्का के आसपारस यूक्रेनी ठिकानों पर उच्च सटीक हमले किए हैं। इस क्षेत्र में मॉस्को की सेना 2014 से यूक्रेनी अलगाववादियों पर शासन करती रही है। अब उसने इन्हीं इलाकों में यूक्रेनी बलों से भीषण युद्ध की सूचना दी है। राष्ट्रपति पुतिन के प्रवक्ता ने कहा कि खारकीव क्षेत्र में नागरिकों से अपमानजनक बर्ताव की खबरें मिल रही हैं।
यूक्रेन का दावा, ईरानी ड्रोन मार गिराया
यूक्रेनी सेना ने मंगलवार को पहली बार दावा किया कि उसने युद्ध के मैदान में रूस द्वारा इस्तेमाल किए गए ईरान के एक ड्रोन को मार गिराया है। अमेरिकी खुफिया एजेंसी ने जुलाई में कहा था कि ईरान ने रूस को बम ले जाने में सक्षम सैकड़ों ड्रोन भेजने की योजना बनाई है ताकि युद्ध में यूक्रेन के खिलाफ इनका इस्तेमाल किया जा सके। यूक्रेनी सेना से जुड़ी एक वेबसाइट ने ड्रोन के मलबे की तस्वीर प्रकाशित की। इसे कुपियांस्क के नजदीक मार गिराया गया।
यूक्रेन का ध्यान लुहांस्क, दोनेस्क पर
यूक्रेनी राष्ट्रपति जेलेंस्की ने 8 सितंबर को 1,000 वर्ग किमी क्षेत्र पर दोबारा नियंत्रण लेने और रविवार तक 3,000 वर्ग किमी क्षेत्र पर पुन: कब्जे का दावा किया। लेकिन अब उन्होंने 6,000 वर्ग किमी इलाके पर फिर नियंत्रण की पुष्टि की। हालांकि अब भी यूक्रेन के बडे़ हिस्से पर रूस ने कब्जा किया हुआ है। इसीलिए यूक्रेन ने पूरे क्षेत्र पर फिर नियंत्रण लेने का लक्ष्य रखा है। यूक्रेन अब लुहांस्क और दोनेस्क क्षेत्रों पर ध्यान केंद्रित कर रहा है।
पश्चिम से मदद मांगी
यूक्रेन की रणनीति रूसी सेना को उत्तर-पूर्व में घेरकर दक्षिण की तरफ बढ़ने की है। यहां दोनेस्क और लुहांस्क क्षेत्र के कई इलाकों पर अब भी रूस का कब्जा है। यहां कार्रवाई के लिए यूक्रेन को हथियारों की बड़ी खेप की जरूरत पड़ेगी। इसे देखते हुए राष्ट्रपति जेलेंस्की ने पश्चिम से और मदद मांगी है।
अपनी जमीन छुड़ाने के लिए संघर्ष कर रहे यूक्रेनी : अमेरिका
अमेरिका ने यूक्रेन को समर्थन जारी रखने का संकल्प जताते हुए कहा है कि यूक्रेनी लोग अपने देश की रक्षा करने और रूस द्वारा कब्जाई गई अपनी जमीन को वापस लेने के लिए कड़ा संघर्ष कर रहे हैं। व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव कैरीन जीन-पियरे ने कहा, हम युद्ध के मैदान में यूक्रेनी लोगों को सफल होने के लिए आवश्यक समर्थन देना जारी रखेंगे।