रूस के राष्ट्रपति व्लादीमिर पुतिन ने पनामा पेपर्स लीक के मामले में 'किसी भी भ्रष्टाचार' से इनकार किया है। पुतिन के मुताबिक उनके विरोधी रूस को अस्थिर करना चाहते हैं। पनामा में मौजूद लॉ फर्म मोसाक फोंसेका की ओर से लाखों गोपनीय दस्तावेजों के उजागर होने के बाद पहली बार पुतिन ने कोई बयान दिया है। इन दस्तावेजों से पुतिन के करीबियों के मालिकाना हक वाली कंपनियों का पता चला है।
ये दस्तावेज बताते हैं कि संभव है कि इन कंपनियों को हवाला के पैसे के लिए इस्तेमाल किया गया हो। पुतिन ने टेलीविजन पर एक लाइव कार्यक्रम के दौरान कहा कि रूस के पश्चिमी विरोधी "रूसी राष्ट्र की एकता और अखंडता से चिंतित हैं...और इसीलिए वो हमें अंदर से हिलाना चाहते हैं, ताकि हम उनके आदेश मानें।" उन्होंने कहा कि वो पुतिन को पनामा पेपर्स में नहीं तलाश सके तो "उन्होंने एक सूचना उत्पाद खड़ा कर दिया है।" "उन्हें अब मेरे कुछ परिचित और दोस्त मिल गए हैं...वहां से उन्होंने कुछ उठाया और सामने रख दिया है।"
इन पेपर्स में पुतिन के पुराने दोस्त और उनकी बेटी के गॉडफादर सर्गेई रोल्दुगिन को दो कंपनियों का मालिक बताया गया है, जिनके नाम हैं– इंटरनेशनल मीडिया ओवरसीज और सॉनेट ओवरसीज।
पेपर्स के मुताबिक ये कंपनियां कई संदिग्ध लेनदेन में शामिल थीं। इनमें एक में इंटरनेशनल मीडिया ओवरसीज को साल 2007 में कर्ज के बतौर 60 लाख डॉलर मिले थे और इन्हें तीन महीने बाद सिर्फ एक डॉलर मान लिया गया था।
रोल्दुगिन ने अभी तक इन आरोपों पर सार्वजनिक तौर पर कोई सफाई नहीं दी है। पुतिन इन आरोपों की तफसील में नहीं गए मगर उन्होंने अपने दोस्त की प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि उन्हें रोल्दुगिन जैसे लोगों पर गर्व है जिन्होंने अपना तक़रीबन पूरा धन वाद्ययंत्रों पर और सरकारी संस्थाओं को दान देने में ख़र्च किया है।