संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद ने सभी देशों से इस्लामिक स्टेट चरमपंथी समूह एवं अन्य आतंकवादियों को हथियारों की आपूर्ति खत्म करने सहित इसकी आपूर्ति करने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करने तथा उनकी पहचान के लिये ऐसे हथियारों को चिह्नित करने के अनुरोध वाले एक प्रस्ताव को सर्वसम्मति से स्वीकृत किया है।
मिस्र द्वारा पेश किए गए प्रस्ताव में आईएस, अलकायदा और उनके सहयोगियों सहित अवैध सशस्त्र समूहों एवं अपराधियों को हथियार, सैन्य उपकरण, ड्रोन तथा विस्फोटकों की लगातार आपूर्ति की कड़ी निंदा की गयी है।
संयुक्त राष्ट्र में मिस्र के दूत एवं सुरक्षा परिषद में मौजूदा अध्यक्ष एएमआर अब्देलतीफ अबुलता ने कल हुए मतदान के बाद कहा, यह ऐसा पहला प्रस्ताव है जिसका लक्ष्य आतंकवादियों को हथियार हासिल करने से रोकना है। उन्होंने कहा, आतंकवादियों एवं आतंकवादी समूहों को सशस्त्र बनाना...एक ऐसा अपराध है जो किसी आतंकवादी कृत्य से कम नहीं है। मादक पदार्थ एवं अपराध पर वियना स्थित संयुक्त राष्ट्र कार्यालय के कार्यकारी निदेशक यूरी फेदोतोव ने वीडियो लिंक के जरिये परिषद को बताया कि आतंकवादी दुनिया के तमाम हिस्सों में कम सुरक्षित भंडारों तक पहुंच, कमजोर सीमा प्रबंधन, गोपनीय बाजारों सहित ऑनलाइन मंचों के इस्तेमाल जैसे कई तरीकों से हथियार प्राप्त करते हैं।