रूस के उच्च सदन की मंगलवार की कार्रवाई के बाद रूस के निचले सदन ने भी ‘विदेशी एजेंट’ ठहराकर अमेरिकी मीडिया को प्रतिबंधित कर दिया। रूस ने यह कदम अमेरिकी कांग्रेस द्वारा रूसी वित्तपोषित मीडिया पर ऐसी ही कार्रवाई किए जाने के बाद उठाया है।
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न्याय मंत्रालय ने अपनी वेबसाइट पर एक बयान में कहा कि अमेरिका से वित्त पोषित वायस ऑफ अमेरिका और रेडियो फ्री यूरोप-रेडियो लिबर्टी तथा उनके सात अन्य मीडिया संगठनों की पहचान ‘विदेशी एजेंट’ के रुप में की गई है।
अमेरिकी कांग्रेस ने रूसी वित्तपोषित चैनल आरटी को खुद को ‘विदेशी एजेंट’ घोषित करने के लिए दबाव बनाया था जिसके जवाब में रूस ने यह कदम उठाया है। रूसी न्यूज एजेंसी ने कहा कि लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा में, रूसी संसद (ड्यूमा) के प्रतिनिधियों ने अमेरिकी कांग्रेस में कई मान्यता प्राप्त रूसी पत्रकारों को प्रतिबंधित किए जाने के फैसले के सिलसिले में समान उपाय करने का अधिकार सुरक्षित रखा है।
वहीं इससे पहले मंगलवार को रूसी उच्च सदन ने ‘विदेशी एजेंट’ ठहराकर अमेरिकी मीडिया को प्रतिबंधित कर दिया था। बता दें कि पिछले ही महीने रूसी राष्ट्रपति ब्लादिमीर पुतिन ने विदेशी मीडिया के इस विवादास्पद कानून को मंजूरी दी थी।
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‘विदेशी एजेंट’ का मतलब ?
जिन्हें विदेशी एजेंट घोषित किया जाता है उन्हें सारे कागजात तथा अपने कर्मचारियों एवं वित्तपोषण की सघन जांच करानी होती है। इस कानून के चलते कई एनजीओ बंद हो गए। उनका कहना था कि इस कदम के चलते उनके लिए कामकाज करना मुश्किल हो गया।