नेपाल सरकार ने नीलांबर आचार्य को भारत में नेपाल के राजदूत के रूप में नामित किया है। 1990 की अंतरिम मंत्रिमंडल में कानून मंत्री रहे आचार्य को नेपाली कांग्रेस पार्टी का करीबी माना जाता है। ऐसे में नेपाल कम्युनिस्ट पार्टी (एनसीपी) द्वारा उनके नामांकन ने सभी को चकित कर दिया है।
दीप कुमार उपाध्याय के इस पद से इस्तीफा दिए जाने के लगभग एक साल तक भारत में नेपाली राजदूत की जगह खाली थी। आचार्य भारत-नेपाल के विभिन्न आयामों की समीक्षा के लिए गठित टीम के भी सदस्य रह चुके हैं।
मास्को यूनिवर्सिटी से स्नातक की डिग्री ले चुके आचाय का झुकाव शुरू में लेफ्ट की तरफ था, लेकिन बाद में वह कांग्रेस पार्टी में शामिल हो गए। वह 1990 की अंतरिम सरकार में कानून, न्याय और संसदीय मामलों और श्रम और सामाजिक कल्याण मंत्री थे।