सीरिया की राजधानी दमिश्क में सेना मुख्यालय दो जबरदस्त बम धमाकों से दहल उठा। इन विस्फोटों के साथ ही मुख्यालय के आसपास भीषण गोलीबारी भी हुई। ईरान के प्रेस टीवी का कहना है कि गोलीबारी में उसके एक संवाददाता की मौत हो गई और उसका दमिश्क ब्यूरो प्रमुख घायल हो गया। ये दोनों पत्रकार मौके पर रिपोर्टिंग के लिए गए थे। दर्जनों और लोगों के मारे जाने की खबरें हैं।
हमले की जिम्मेदारी लेने वाले विद्रोहियों का कहना है कि इसमें दर्जनों लोग मारे गए हैं। हालांकि सेना ने सिर्फ चार गॉर्डों के मारे जाने और 14 के घायल होने की बात कही है। 18 जुलाई के बाद दमिश्क में यह सबसे बड़ा हमला माना जा रहा है। यह हमला तब हुआ है जब संयुक्त राष्ट्र में दुनिया भर के नेता सीरिया मुद्दे पर चर्चा कर रहे हैं। सीरियाई सेना का कहना है कि उसके सभी अधिकारी सुरक्षित हैं।
ये धमाके उमयाद चौक इलाके में स्थित सेना मुख्यालय को निशाना बनाकर किए गए थे। ब्रिटेन स्थित सीरियन आब्जवेटरी फॉर ह्यूमन राइट्स का कहना है कि भीषण संघर्ष में दोनों पक्षों के लोग मारे गए हैं। विस्फोट के चलते पास की इमारतों में खिड़कियों के शीशे टूट गए। विस्फोट की आवाज कई किलोमीटर दूर तक सुनी गई।