चीन द्वारा जापान के एक संवाददाता को दोनों देशों के दो शीर्ष राजनयिकों के बीच हुई मुलाकात की रिपोर्टिंग से रोके जाने की घटना पर जापान ने अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता को लेकर चीन के समक्ष विरोध दर्ज कराया है।
कल चीनी विदेश मंत्रालय ने चीन की आलोचना करने वाले एक जापानी समाचारपत्र सनकेई शिम्बन के एक संवाददाता को चीन के विदेश मंत्री वांग यी और जापान के उपविदेश मंत्री तकेओ अकीबा के बीच मुलाकात की शुरुआत को कवर करने वाले मीडिया समूह से बाहर कर दिया था। बीजिंग में इस कार्यक्रम को कवर कर रहे अन्य जापानी मीडिया ने भी बाद में विरोधस्वरूप सामूहिक कवरेज का बहिष्कार किया।
सरकार के शीर्ष प्रवक्ता योशिहिदे सूगा ने घटना के संबंध में पूछे जाने पर तोक्यो में संवाददाताओं को बताया, “जापान की सरकार का मानना है कि अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता समेत अन्य मौलिक मानवाधिकारों का सम्मान अंतरराष्ट्रीय समुदाय में एक सार्वभौमिक सिद्धांत है और किसी भी देश में इन अधिकारों को सुनिश्चित करना आवश्यक है।”
सूगा ने कहा, “इस नजरिए से यह बेहद दुखद है कि इस तरह की घटना हुई और हमने चीन के समक्ष विरोध दर्ज करा दिया है।” सूगा ने बताया कि प्रधानमंत्री शिंजो आबे के अक्तूबर में चीन दौरे से पहले बीजिंग गए अकीबा ने भी अपने चीनी समकक्ष ली युचेंग के समक्ष विरोध दर्ज कराया है।
हालांकि उन्होंने कहा कि दोनों क्षेत्रीय विरोधियों के बीच द्विपक्षीय संबंध सुधर रहे हैं।