मेडिकल चैरिटी संस्था मेडिसिंस सैंस फ्रंटियर्स (एमएसफ) का कहना है कि पश्चिमी अफ्रीका में फैले इबोला वायरस पर काबू करने में कम से कम छह महीने लगेंगे।
एमएसएफ की अध्यक्ष जोने लिउ ने जेनेवा में कहा, "जितनी तेजी से हम स्थिति को संभाल रहे थे, हालात उससे कहीं तेजी से बिगड़ रहे थे।"
उन्होंने यह भी कहा, "अगर हम लाइबेरिया के हालात पर काबू नहीं पाते हैं तो इस क्षेत्र की स्थिति को नियंत्रित करना मुश्किल होगा।"
इससे पहले विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्लूएचओ) ने कहा था कि जिस पैमाने पर बीमारी फैली, उसे काफी क्लिक करें कम करके आंका गया था।