ईरान में 2010 से गिरफ्तार एक परमाणु वैज्ञानिक, शाहराम अमीरी को फांसी दे दी गई है। उनके परिवार ने ये जानकारी बीबीसी को दी है। शाहराम अमीरी की मां ने बीबीसी को बताया है कि उनके बेटे के शव को अंतिम संस्कार के लिए परिवार को सौंपा गया है।
उन्होंने बताया कि अमीरी के गले पर रस्सियों के निशान हैं जिससे पता चलता है कि उन्हें फांसी दी गई है। अमीरी को दफना दिया गया है। उन्हें अमरीका से लौटने के बाद हिरासत में ले लिया गया था और गुप्त स्थान पर रखा गया था।
अमीरी का कहना था कि अमरीका में सीआईए ने उन्हें जबर्दस्ती हिरासत में लिया था। कुछ रिपोर्टों के मुताबिक अमीरी को ईरान के परमाणु कार्यक्रम के बारे में गहन जानकारी थी।
1977 में पैदा हुए अमीरी 2009 में हज पर जाने के बाद से गायब हो गए थे। बाद में वे अमरीका में सामने आए थे और उन्होंने कहा था कि अमरीका की खुफिया एजेंसी सीआईए ने उन्हें अगवा कर लिया था।