जलालुद्दीन हक्कानी की मौत को लेकर संशय का माहौल बना हुआ है। चरमपंथी संगठन तालिबान ने दावा किया है कि इस्लामी चरमपंथी नेता जलालुद्दीन हक्कानी की मौत की खबर बेबुनियाद है।
तालिबान ने अपनी एक वेबसाइट पर कहा है कि हक़्क़ानी पहले बीमार ज़रूर थे, पर वे पूरी तरह स्वस्थ हैं। इससे पहले सूत्रों ने बीबीसी को बताया था कि चरमपंथी हक़्क़ानी नेटवर्क के अफ़ग़ान संस्थापक जलालुद्दीन हक़्क़ानी की कम से कम एक वर्ष पहले मौत हो गई थी।
सूत्रों का कहना था कि हक़्क़ानी की मौत लंबी बीमारी की वजह से हो गई थी और उन्हें अफ़ग़ानिस्तान में ही दफ़ना दिया गया था। बीते कुछ सालों से हक़्क़ानी की मौत की अफ़वाहें उड़ती रही हैं, लेकिन गुट हमेशा इससे इंकार करता रहा है। हाल के वर्षों में अफ़ग़ान और नैटो बलों पर हमलों में हक़्क़ानी नेटवर्क का हाथ रहा है। हक़्क़ानी गुट के अल-क़ायदा और तालिबान से संबंध हैं।