रोहिंग्या शरणार्थी मामले की अपनी रिपोर्टिंग के दौरान म्यांमार के गोपनीयता कानून को तोड़ने के आरोप में रॉयटर्स के दो पत्रकारों पर मुकदमा चलेगा। बता दें कि इस अपराध में दोषी करार दिए जाने पर 14 साल तक की कैद का प्रावधान है।
न्यायाधीश येल्विन ने कहा कि म्यांमार के नागरिक 32 वर्षीय वा लोन और 28 वर्षीय क्याव सोए-ओ पर गोपनीयता कानून के तहत आरोप दाखिल किए गए हैं। दोनों को मुकदमे की सुनवाई से पहले ही करीब सात महीने तक हिरासत में रखा जा चुका है।