हंगरी में सिमंस द्वारा पहला इलेक्ट्रिक प्लेन का असफल टेस्ट किया गया। पहले टेस्ट के दौरान ही इलेक्ट्रिक प्लेन दुर्घटनाग्रस्त हो गया, जिसमें सवार दो पायलटों की मौत हो गई। जर्मन औद्योगिक समूह सिमेंस ने बुधवार को जारी बयान में कहा कि बुडापेस्ट के निकट एयरफील्ड में 31 मई को हुए हादसे के बाद मैगनस ईफ्यूसन एयरक्राफ्ट का पहली बार परीक्षण किया जा रहा था। यह दुर्घटना प्रयोगात्मक हवाई जहाज मैग्नस ईफ्यूजन से हुई।
यह हमारे विद्धुत प्रणोदन इकाई की एक विशेषता है। हम अब इसकी नजदीक से जांच कर रहे हैं और खामियों को जल्द ही दूर करने के उपाय किए जाएंगे। मैग्नस ईफ्यूजन पूरी तरह से इलक्ट्रिक और दो सीटर प्लेन है और इसे विकसित करने की शुरुआत दो साल पहले हुई थी। तब से इसका 200 फ्लाइट घंटे परीक्षण किए जा चुके हैं। ऐसे तीन विमान है, जिसमें से यह एक था। सिमंस इलेक्ट्रिक विमान बनाने वाले दुनिया की अग्रणी कंपनियों में से एक है।