अल्जीरिया के प्रधानमंत्री ने कहा है कि पेट्रोलियम संयंत्र में बंधक बनाए जाने की घटना के दौरान मारे गए लोगों में से आठ देशों के 37 विदेशी नागरिक भी थे। इस संयंत्र को इस्लामिक चरमपंथियों ने अपने कब्ज़े में ले लिया था और संयंत्र के कर्मचारियों को बंधक बना लिया था।
एक बयान में प्रधानमंत्री अब्दुलमाकेल सेलाल ने कहा है कि जिन चरमपंथियों ने संयंत्र को घेरकर लोगों को बंधक बनाया था, उनमें से एक कनाडा का नागरिक भी था। उन्होंने कहा कि 32 चरमपंथी मारे गए और तीन को जीवित पकड़ लिया गया है।
चार दिन बाद रविवार को यह कार्रवाई पूरी हुई। समझा जाता है कि इस प्रकरण में अल्जीरियाई नागरिकों सहित कुल 48 लोग मारे गए। कई बंधकों का अभी भी पता नहीं चला है। जिनमें से पाँच विदेशी नागरिक भी शामिल हैं। प्रधानमंत्री ने कहा है कि चरमपंथी हथियारों से लैस थे और उनकी योजना संयंत्र को उड़ाने की थी। उन्होंने अल्जीरियाई सुरक्षा बलों की तारीफ़ करते हुए उन्हें बहादुर जवान बताया है।