पश्चिमी अफगानिस्तान में कई हमले करके तालिबान आतंकियों ने अफगान सुरक्षा बल के कम से कम 30 सैनिकों को मौत के घाट उतार दिया। बुधवार को अधिकारियों ने इसकी जानकारी दी। अपनी तरफ से संघर्ष विराम खत्म करने के कुछ दिन बाद तालिबान ने यह हमला किया है। बगदीस के प्रांतीय गवर्नर अब्दुल कफूर मलिकजई ने कहा कि आधे से अधिक सैनिकों की मौत हमले या सड़के किनारे रखे गए बमों के विस्फोट से हुईं जो कि एक अतिरिक्त सैन्य काफिले पर हमला था।
संघर्ष विराम के दौरान रेकी कर इकट्ठा की जानकारी, फिर किया हमला
वहीं अन्य सैनिकों की मौत तब हुई जब आतंकियों ने रात में ही उनके कैंपों को उड़ा दिया। एक पत्रकार को भेजे गए एक व्हाट्सएप संदेश में तालिबान ने इस हमले की जिम्मेदारी ली है। प्रांतीय परिषद के प्रमुख अब्दुल अजीज बेक ने इन मौतों की पुष्टि की है। बेक ने कहा कि संघर्ष विराम के दौरान तालिबान ने अपने जासूसों को भेजकर इन कैंपों के बारे में जानकारी इकट्ठा की थी और हमले की योजना बनाई।
पत्रकार को व्हाट्सएप कर ली हमले की जिम्मेदारी
बता दें कि इस बार ईद के चलते अफगानिस्तान सरकार ने सेना और तालिबान के बीच संघर्ष विराम की घोषणा की थी। शुक्रवार से रविवार तीन दिन के लिए तालिबान भी संघर्ष विराम पर सहमत हुआ था। इसके बाद राष्ट्रपति अशरफ गनी ने तालिबान से इस संघर्ष विराम को कुछ दिन और बढ़ाने का निवेदन भी किया था। लेकिन तालिबान ने संघर्ष विराम को बढ़ाने के प्रस्ताव को ठुकरा दिया था।