फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने शनिवार को इस्लाम धर्म को लेकर अपनी प्रतिक्रिया दी। समाचार एजेंसी एएफपी के मुताबिक, मैक्रों ने इस्लाम को 'एक ऐसा धर्म जो आज पूरे विश्व में संकट में है' के रूप में परिभाषित किया। उन्होंने फ्रांस में एक भाषण के दौरान इस्लामी कट्टरपंथ से लड़ने की बात कही। बता दें कि यह पहली बार नहीं है जब मैक्रों ने इस्लाम धर्म को लेकर बात कही हो। इससे पहले वह इस्लाम धर्म को कट्टरता और नफरत फैलाने वाला बता चुके हैं।
बता दें कि फ्रांस की कुल जनसंख्या में से करीब 60-65 लाख मुस्लिम हैं। इसी साल लगभग आठ महीने पहले राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने फ्रांस में विदेशी इमामों के आने पर रोक लगा दी थी। उस समय राष्ट्रपति मैक्रों ने कहा था कि सरकार ने यह फैसला कट्टरपंथ और अलगाववाद रोकने के लिए किया है।
उनके कहने का मतलब साफ था कि फ्रांस में जो इमाम मौजूद हैं उन्हें स्थानीय भाषा यानी फ्रेंच सीखना जरूरी होगा। उन्होंने आगाह किया था कि फ्रांस में रहने वालों को कानून का सख्ती से पालन करना होगा। उन्होंने यह भी कहा था कि इनकी वजह से देश में कट्टरपंथ और अलगाववाद का खतरा है। हम इस्लामिक कट्टरपंथ के खिलाफ हैं।