प्रधानमंत्री ने कहा, ‘पिछले पांच साल में कई जगह जाने का मौका मिला और हर जगह भारतीयों से मिलकर उनसे आशीर्वाद लेने की कोशिश करता रहा हूं। जहां भी रहें, आप में भारत रहता है। आपके भीतर भारत की संस्कृति और सभ्यता के मूल्य जीवंत रहते हैं। जब वहां के नेता, बिजनेस लीडर भारतीयों की तारीफ करते हैं तब बहुत गर्व होता है। इसके लिए दुनिया में फैले सभी भारतीय बधाई के पात्र हैं। यही तो वह ताकत है जब कोई भी भारतीय कुछ कहता है तो दुनिया उसको गौर से सुनती है।’
अब टूरिज्म से मजबूत हो रहा है संबंध
पीएम मोदी ने कहा कि हमारे प्राचीन व्यापारिक रिश्ते में टेक्सटाइल की अधिक भूमिका रही है। अब पर्यटन इस कड़ी को और मजबूत कर रहा है। नार्थ ईस्ट इंडिया को हम साउथ ईस्ट एशिया के गेटवे के रूप में विकसित कर रहे हैं। भारत, म्यांमार और थाईलैंड के बीच हाईवे शुरू हो जाएगा तो इस पूरे क्षेत्र में व्यापार और पर्यटन भी बढ़ेगा। ओसीआई कार्ड को अधिक लचीला बनाया गया है। भारत की दुनिया में पहुंच बढ़ी है तो उसमें प्रवासी भारतीयों का बड़ा रोल है। इसे और सशक्त करना है।