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Maha Shivaratri: पशुपतिनाथ मंदिर में महाशिवरात्रि पर जुटेंगे 15 लाख भक्त, पुरी के शंकराचार्य देंगे वैदिक ज्ञान

Sat, 18 Feb 2023 12:11 AM IST
देव कश्यप पीटीआई, काठमांडू।

सार

मंदिर के मामलों का प्रबंधन करने वाले ट्रस्ट के प्रवक्ता रेवती रमन अधिकारी ने कहा कि शनिवार को एक विशेष समारोह के दौरान वह मठ में आदि शंकराचार्य की प्रतिमा का अनावरण करेंगे। नेपाल में 2015 में आए विनाशकारी भूकंप में क्षतिग्रस्त होने के बाद शंकराचार्य की प्रतिमा को फिर से बनाया गया है।
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पशुपतिनाथ मंदिर। - फोटो : ANI
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विस्तार
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काठमांडू में बागमती नदी के तट पर स्थित पवित्र हिंदू मंदिर पशुपतिनाथ में शनिवार को महाशिवरात्रि उत्सव मनाने के लिए भारत से हजारों लोगों सहित कम से कम 15 लाख श्रद्धालुओं के प्रार्थना के लिए इकट्ठा होने की उम्मीद है। पशुपति क्षेत्र विकास न्यास के सूत्रों के अनुसार, पुरी के गोवर्धन मठ के शंकराचार्य निश्चलानंद सरस्वती उत्सव में भाग लेने के लिए काठमांडू पहुंचे हैं और यहां शंकराचार्य मठ में वैदिक ज्ञान के विभिन्न पहलुओं पर व्याख्यान देंगे।

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मंदिर के मामलों का प्रबंधन करने वाले ट्रस्ट के प्रवक्ता रेवती रमन अधिकारी ने कहा कि शनिवार को एक विशेष समारोह के दौरान वह मठ में आदि शंकराचार्य की प्रतिमा का अनावरण करेंगे।नेपाल में 2015 में आए विनाशकारी भूकंप में क्षतिग्रस्त होने के बाद शंकराचार्य की प्रतिमा को फिर से बनाया गया है। शंकराचार्य ने शुक्रवार को पशुपतिनाथ मंदिर परिसर में ढाई घंटे की प्रार्थना सभा के दौरान वैदिक दर्शन पर व्याख्यान दिया।

वह शुक्रवार से शुरू हो रहे मंदिर के तीन दिवसीय कार्यक्रम में भाग लेंगे और इस अवसर पर त्रिभुवन विश्वविद्यालय, काठमांडू विश्वविद्यालय और पशुपति में महेंद्र संस्कृत विश्वविद्यालय के नेपाली वैदिक विद्वानों और गणितज्ञों के साथ व्याख्यान देंगे और चर्चा करेंगे। रमन अधिकारी ने कहा कि निश्चलानंद सरस्वती समारोह में विशिष्ट अतिथि हैं और वह इस उत्सव के दौरान मुख्य आकर्षण होंगे।
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उन्होंने बताया कि ट्रस्ट शनिवार को पशुपतिनाथ मंदिर परिसर में 15 लाख श्रद्धालुओं के आने की उम्मीद कर रहा है, जिसमें भारत के लगभग 3,500 साधु शामिल हैं। जिसमें से लगभग 1,000 नागा बाबा जिन्हें दिगंबर साधु भी कहा जाता है, पहले ही इस अवसर पर यहां पहुंच चुके हैं। ट्रस्ट साधुओं के लिए भोजन की व्यवस्था करेगा और इस अवसर के लिए कम से कम 10,000 स्वयंसेवकों को जुटाया जा रहा है। अधिकारी ने कहा कि सुरक्षा प्रदान करने के लिए 7,000 से अधिक सुरक्षाकर्मियों को तैनात किया जाएगा।


पूरे पशुपति क्षेत्र को रंग-बिरंगी रोशनी, कागज के झंडों और मालाओं से सजाया गया है और भक्तों के स्वागत के लिए दर्जनों स्वागत द्वार बनाए गए हैं। मंदिर शनिवार को तड़के तीन बजे खुलेगा और ऐसी व्यवस्था की गई है कि भक्त मंदिर के चारों द्वारों से एक घंटे या 90 मिनट के भीतर शिवलिंग के दर्शन कर सकें। इसके अलावा क्षेत्र के विभिन्न स्थानों पर श्रद्धालुओं के लिए पीने के पानी, भोजन और स्वास्थ्य शिविरों का भी आयोजन किया गया है।

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