पाकिस्तान की पेशावर जेल में बुधवार सुबह पूर्व सैनिक नियाज मोहम्मद को फांसी दे दी गई है। उन्हें पूर्व राष्ट्रपति परवेज मुशर्रफ पर हमले में शामिल में होने का दोषी पाया गया था। वो पाकिस्तानी वायुसेना में जूनियर तकनीशियन थे।
उन्हें 14 दिसंबर 2003 में रावलपिंडी के चिचि पुल को विस्फोट से उड़ाकर राष्ट्रपति परवेज मुशर्रफ पर हमला करने के आरोप में सैन्य अदालत ने मौत की सजा सुनाई थी।
सरकारी मीडिया के मुताबिक उन्हें बुधवार सुबह फांसी दी गई। उन्हें हरिपुर जेल से पेशावर जेल लाया गया था। जेल अधिकारियों के मुताबिक मंगलवार शाम उनके परिजनों ने उनसे अंतिम मुलाकात की थी।
इस मामले में उनके साथ एक नागरिक मुश्ताक अहमद के अलावा वायुसेना के तीन अन्य अधिकारियों को भी फांसी की सजा सुनाई गई थी।