पाकिस्तानी सेना का कहना है कि कबीलाई इलाके खैबर एजेंसी से 17 चरमपंथियों के शव बरामद किए गए हैं।
सेना का कहना है कि ये चरमपंथी एक सुरक्षा चौकी पर हमले के दौरान मारे गए हैं। हमला अफगानिस्तान सीमा के नजदीक हुआ है। इस इलाके में चरमपंथियों के खिलाफ सेना का अभियान चल रहा है।
तालिबान ने सेना के इस दावे की पुष्टि नहीं की है और इसकी स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं की जा सकती है। सेना को कोई नुकसान हुआ है या नहीं इस बारे में जानकारी नहीं दी गई है। पत्रकारों को पाकिस्तान के कबीलाई इलाकों में जाने की अनुमति नहीं दी जाती है।
शुक्रवार को हुआ यह हमला पाकिस्तान तालिबान की खैबर में सेना से लड़ रहे स्थानीय मिलीशिया की मदद के लिए लड़ाके भेजने के ऐलान के बाद हुआ है।
सेना की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि सुरक्षा चौकी पर हुए हमले का मुहतोड़ जबाव दिया गया और चरमपंथी अपने 17 साथियों के शव छोड़कर भाग खड़े हुए।
अक्टूबर के बाद से इस इलाके में सेना और चरमपंथियों के बीच हिंसा में बढ़ोत्तरी हुई है जिस वजह से हजारों लोगों को घर छोड़ना पड़ा है।
संवाददाताओं का कहना है कि स्थानीय और विदेशी लड़ाके इस इलाके का इस्तेमाल पाकिस्तान और अफगानिस्तान में हमले करने के लिए करते रहे हैं।