पाकिस्तान में हिंदू विधायक बलदेव कुमार ने खुद को खैबर पख्तूनख्वा विधानसभा सदस्य के रूप में शपथ लेने से रोके जाने के बाद अदालत की शरण में पहुंच गए हैं।
प्रांतीय विधानसभा के निर्वाचित विधायक बलदेव को वर्ष 2016 में एक सिख विधायक की हत्या में कथित भूमिका के चलते शपथ ग्रहण करने से रोक दिया गया।
बलदेव सिख विधायक सरदार सोरन सिंह की हत्या के आरोप में जेल में हैं। उन्होंने विधानसभा अध्यक्ष, सत्ता पक्ष और विपक्षी सदस्यों के खिलाफ अदालत की अवमानना का आरोप लगाकर पेशावर हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया है।
बलदेव ने अपनी याचिका में आग्रह किया कि जब तक उन्हें शपथ ग्रहण नहीं कराई जाती तब तक सीनेट चुनाव पर रोक लगाई जानी चाहिए। सीनेट चुनाव 3 मार्च को होना है।
याचिकाकर्ता ने दावा किया कि गत 27 फरवरी को विधानसभा हॉल में उनके साथ जानबूझकर दुर्व्यवहार किया गया। पाकिस्तान तहरीक ए इंसाफ पार्टी के विधायक अरबाब जेहनदाद खान ने बलदेव पर अपना जूता फेंका जो उनके पास जाकर गिरा।