भारतीय वायु सेना के विंग कमांडर अभिनंदन वर्धमान की रिहाई को लेकर बड़ा बयान देने वाले पाकिस्तानी सांसद अयाज सादिक का कहना है कि उन्हें कई अहम राज की जानकारी है, लेकिन उन्होंने कभी कोई गैरजिम्मेदाराना बयान नहीं दिया। पीएमएल-एन के नेता और राष्ट्रीय असेंबली के पूर्व स्पीकर सादिक ने डॉन न्यूज से कहा कि वह अपने बयान पर कायम हैं लेकिन उन्होंने इसकी जानकारी नहीं दी कि अभिनंदन वर्धमान को हिरासत में लिए जाने के बाद क्या हुआ था।
बता दें कि मार्च 2019 में विंग कमांडर अभिनंदन वर्धमान की रिहाई को लेकर भारत के सख्त रुख पर अयाज सादिक ने शनिवार को बड़ा खुलासा किया था। सादिक ने पाकिस्तान की राष्ट्रीय असेंबली में कहा था कि अभिनंदन की रिहाई न होने पर भारत, पाकिस्तान पर हमले के लिए तैयार बैठा था। सादिक के इस खुलासे से पाकिस्तान की सियासत में नया तूफान आ सकता है। सादिक का यह बयान इमरान खान सरकार में चल रहे तनाव और विवाद की ओर भी संकेत करता है।
सादिक ने संसद में कहा था कि विदेश मंत्री शाह महमूद कुरैशी ने पीपीपी, पीएमएल-एन और सेना प्रमुख जनरल कमर जावेद बाजवा सहित संसदीय नेताओं के साथ एक बैठक में अभिनंदन को रिहा करने को कहा था। उस वक्त विपक्ष ने अभिनंदन समेत तमाम मुद्दों पर सरकार का साथ देने का वादा किया था। सादिक ने बताया था कि विदेश मंत्री ने इस अहम बैठक में कहा था कि अगर पाकिस्तान ने अभिनंदन को नहीं छोड़ा तो भारत, पाकिस्तान पर रात नौ बजे तक हमला करने वाला है।
पाकिस्तानी सासंद सादिक ने कहा है, 'ये राजनीतिक मतभेद हैं। मेरे बयान को पाकिस्तान के सशस्त्र बलों से जोड़ने की उनकी कोशिश देश सेवा नहीं है। आप (सरकार) भारतीय मीडिया के हाथों का खिलौना बन गए और आपने पाकिस्तान के साथ न्याय नहीं किया है। मैं अपने बयान पर कायम हूं और आप भविष्य में देखेंगे कि मैं कई राज जानता हूं। मैं राष्ट्रीय सुरक्षा समिति का संचालन करता रहा हूं।' सादिक के इस बयान ने सरकार और सेना, दोनों के लिए समस्या खड़ी कर दी है।