भारत सरकार और सेना ने पाकिस्तान और पाकिस्तान के अवैध कब्जे वाले कश्मीर में भारतीय सशस्त्र बलों की स्ट्राइक 'ऑपरेशन सिंदूर' के बाद एक प्रेस कॉन्फ्रेंस की। इस दौरान प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करने के लिए कर्नल सोफिया कुरैशी और विंग कमांडर व्योमिका सिंह मौजूद थीं। इस दौरान बताया गया कि 'ऑपरेशन सिंदूर' रात एक बजकर पांच मिनट और एक बजकर 30 मिनट के बीच चलाया गया। इस दौरान आतंकी ठिकानों को निशाना बनाया गया। सेना ने पाकिस्तान के 100 किलोमीटर अंदर मिसाइल हमले किए और नौ आतंकी ठिकानों को ध्वस्त किया। भारत की स्ट्राइक की जद में पीओके में पांच और पाकिस्तान में चार आतंकी ठिकाने आए। ब्रीफिंग में उन ठिकानों की तस्वीरें भी दिखाई गईं, जहां भारत ने हमले किए।


तस्वीरों में देख सकते हैं कि पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर के मुजफ्फराबाद में भारतीय मिसाइल के हमले में इमारत ध्वस्त हो गई है। कहा जा रहा है कि इस इमारत में कई आतंकी मौजूद थे। पाकिस्तानी सेना मुजफ्फराबाद के पास भारतीय मिसाइल हमले में क्षतिग्रस्त हुई इमारत का निरीक्षण करते भी दिख रहे हैं। मुरीदके से भी कई तस्वीरें सामने आई हैं। वहां आतंकी ठिकाने को भी भारत ने ध्वस्त कर दिया है।
ऑपरेशन सिंदूर ही नाम क्यों?
22 अप्रैल 2025 को कश्मीर के पहलगाम स्थित पर्यटक स्थल पर आतंकियों ने गोलियां बरसाई थीं। इन आतंकियों ने लोगों से धर्म पूछा था। हिंदू पुरुषों को अलग किया और उनके परिवार के सामने उन्हें गोली मार दी। हमले में कई महिलाओं ने अपने पति को खोया। इनमें से कुछ महिलाओं की कुछ ही दिन पहले शादी हुई थी और वे पति के साथ पर्यटन के लिए पहलगाम आईं थीं। इस हमले में जिन महिलाओं के माथे का सिंदूर छिन गया, उन्हीं के सम्मान में एक संदेश देने के लिए भारत ने इस कार्रवाई को ऑपरेशन सिंदूर नाम दिया।