अमेरिका में प्रवासी भारतीयों को अब घर के पास ही कांसुलर सेवाएं मिल जाएंगीं। ह्यूस्टन में भारत के महावाणिज्य दूतावास ने टेक्सास के डलास में नए भारतीय वाणिज्य दूतावास आवेदन केंद्र (आईसीएसी) का उद्घाटन किया। इसके बाद डलास-फोर्ट वर्थ क्षेत्र में रह रहे हजारों भारतीय मूल के निवासियों को आवश्यक वाणिज्य दूतावास सेवाएं मिल सकेंगी।
8360 लिंडन बी जॉनसन फ्रीवे सुइट ए-230 में खुले नए केंद्र का उद्घाटन संयुक्त राज्य अमेरिका में भारत के राजदूत विनय क्वात्रा ने वर्चुअल रूप से किया। उन्होंने कहा कि अमेरिका भर में नए कांसुलर आवेदन केंद्रों का शुभारंभ प्रवासी भारतीयों को उनके घरों के पास सेवाएं प्रदान करके उन्हें और अधिक प्रभावी ढंग से सेवा प्रदान करने के हमारे मिशन का हिस्सा है। हम भारत और उसके वैश्विक समुदाय के बीच संबंधों को मजबूत करने के लिए प्रतिबद्ध हैं।
महावाणिज्य दूत डीसी मंजूनाथ ने कहा कि डलास में बड़ा भारतीय समुदाय है। इस आईसीएसी के खुलने के बाद अब प्रवासी भारतीय ह्यूस्टन जाए बिना ही जरूरी कांसुलर सेवाओं का तुरंत लाभ उठा सकते हैं। यह वास्तव में वाणिज्य दूतावास को आपके दरवाजे तक ला रहा है।
स्थानीय निर्वाचित अधिकारियों ने भी इस कदम का स्वागत किया। टेक्सास राज्य प्रतिनिधि विक्की गुडविन ने कहा कि नया वाणिज्य दूतावास केंद्र हमारे भारतीय-अमेरिकी पड़ोसियों के लिए एक महत्वपूर्ण संसाधन है, जो सरकारी सेवाओं को और अधिक सुलभ और सुविधाजनक बनाता है। डलास इंडियन एसोसिएशन के अध्यक्ष राजेश मेहता ने कहा कि आईसीएसी डलास क्षेत्र के निवासियों के लिए एक क्रांतिकारी बदलाव है। यह भारत के अपने प्रवासी समुदाय के प्रति समर्पण को दर्शाता है और लोगों के जीवन में वास्तविक बदलाव लाता है।
नौ जगह खोले जाएंगे केंद्र
डलास आईसीएसी उन नौ केंद्रों में से एक है जो संयुक्त राज्य अमेरिका में वाणिज्य दूतावास सेवाओं की पहुंच बढ़ाने के लिए खोले जा रहे हैं। इसके बाद बोस्टन, कोलंबस, डेट्रॉइट, एडिसन, ऑरलैंडो, रैले, सैन जोस और लॉस एंजिलिस में भी केंद्र खोले जाएंगे। इन केंद्रों में लोगों को पासपोर्ट, वीजा, ओवरसीज सिटीजन ऑफ इंडिया (ओसीआई) आवेदन, पावर ऑफ अटॉर्नी, जन्म और विवाह प्रमाण पत्र, सत्यापन, विदेशी नागरिकों के लिए पुलिस क्लीयरेंस प्रमाण पत्र, एनओआरआई और जीवन प्रमाण पत्र सहित अन्य सेवाएं मिलेंगी। बताया गया कि केंद्र सोमवार से शनिवार तक खुलेगा।