नेपाल अपने यहां भारत विरोधी गतिविधियों पर अंकुश लगाने की तैयारी कर रहा है। इसी के तहत वह नई नीति लाने जा रहा है। इसके तहत नेपाल भारत और चीन जैसे अपने पड़ोसी और ताकतवर देशों के विरुद्ध कार्यक्रम चलाने वाले अंतरराष्ट्रीय एनजीओ (गैर सरकारी संगठन) के लिए नई नीति का मसौदा तैयार कर रहा है।
अधिकारियों का कहना है कि नेपाल भारत और चीन जैसे पड़ोसी मुल्कों से अपने संबंध खराब करना नहीं चाहता है। इसलिए वह एनजीओ पर नई नीति लाने की तैयारी में है, जिसका मसौदा तैयार किया जा रहा है। अधिकारियों ने बताया कि भारत और चीन के लिए सीमा पार आतंकवाद और आपराधिक गतिविधियां बड़ी चिंता का विषय है।
सीमा पार आतंकवाद को लेकर भारत नेपाल के समक्ष अपना विरोध दर्ज कराता रहा है, जबकि चीन यहां चल रहे तिब्बती आंदोलन को लेकर नाखुश है। काठमांडो पोस्ट की रिपोर्ट के मुताबिक, सोशल वेलफेयर काउंसिल इस मसौदे को तैयार कर रही है। पड़ोसियों से संतुलित और अच्छे संबंध रखने की नेपाल की विदेश नीति के तहत देश में ऐसी योजनाओं को लागू नहीं किया जाएगा, जिससे भारत और चीन से उसके संबंध खराब हों।
गैर सरकारी संगठनों की ओर से चलाए जा रहे उन कार्यक्रमों को लागू नहीं किया जाएगा, जिसका असर भारत-चीन के साथ संबंधों पर पड़ता हो। सोशल वेलफेयर काउंसिल के सूचना अधिकारी दुर्गा प्रसाद भट्टरई ने बताया कि अंतरराष्ट्रीय एनजीओ पर नई नीति का मसौदा तैयार किया जा रहा है। मसौदे में भारत और चीन की चिंताओं का ख्याल रखा जाएगा।