नेपाल के राष्ट्रकवि माधव प्रसाद घिमिरे का मंगलवार को निधन हो गया। उनकी उम्र 101 वर्ष थी। घिमिरे की बहू बिजेता घिमिरे ने बताया कि उनकी तबीयत काफी दिनों से खराब थी और मंगलवार शाम 5:50 बजे उन्होंने काठमांडो स्थित अपने घर पर अंतिम सांस ली। माधव प्रसाद घिमिरे का जन्म 22 अक्तूबर 1919 में लामजंग जिले के पुश्तुन में हुआ था। घिमिरे का लेखन रबिंद्रनाथ टैगोर से प्रेरित था।
उन्होंने कई काव्य संग्रह लिखे जिनमें मालती मंगले, शकुंतला, हिमालवारी हिमालपरी, गौरी, किन्नर-किन्नरी, चारू चर्चा, आफनो बांसुरी आफनाई गीत प्रमुख हैं। उन्हें 2010-11 में पद्मश्री साधना सम्मान पुरस्कार से सम्मानित किया गया। इससे पहले 1997-98 में हिम्मल परी हिम्मल वरी और 2001-2002 में चारू चर्चा के लिए साझा पुरस्कार दिया गया। घिमिरे 1946 में नेपाल के पहले राष्ट्रीय अखबार गोरखापत्र के संपादक भी रहे। नेपाल सेना के प्रवक्त संतोष बल्लव पौदल ने बताया कि घिमिरे का अंतिम संस्कार बुधवार को सैन्य सम्मान के साथ होगा। घिमिरे नेपाल सेना में कर्नल भी रहे थे।