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आंकड़े: पांच दशकों का सबसे विनाशकारी मानसून; द. एशिया में 2500 से ज्यादा मौतें, दो करोड़ लोग विस्थापित

Thu, 28 Aug 2025 07:03 AM IST
दीपक कुमार शर्मा अमर उजाला नेटवर्क, दिल्ली/ बीजिंग/ इस्लामाबाद

सार

भारत, चीन, पाकिस्तान और बांग्लादेश में अब तक 2,500 से ज्यादा लोगों की मौत, एक करोड़ 95 लाख से ज्यादा लोग विस्थापित और लगभग 100 अरब डॉलर की संपत्ति का नुकसान हो चुका है। पिछले 50 साल का यह सबसे विनाशकारी मानसून माना जा रहा है।
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सांकेतिक तस्वीर - फोटो : पीटीआई
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विस्तार
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दक्षिण एशिया इस साल के मानसून सत्र में बाढ़-भूस्खलन से कराह रहा है। भारत, चीन, पाकिस्तान और बांग्लादेश में अब तक 2,500 से ज्यादा लोगों की मौत, एक करोड़ 95 लाख से ज्यादा लोग विस्थापित और लगभग 100 अरब डॉलर की संपत्ति का नुकसान हो चुका है। पिछले 50 साल का यह सबसे विनाशकारी मानसून माना जा रहा है।

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यह जानकारी संयुक्त राष्ट्र मानवीय मामलों के समन्वय कार्यालय में सामने आई है। ये आंकड़े भारत, चीन, पाकिस्तान और बांग्लादेश के आपदा प्रबंधन प्राधिकरण की रिपोर्टों से मिले हैं। विशेषज्ञों के मुताबिक मानसूनी सत्र में हुई तबाही पिछले पांच दशकों में सबसे विनाशकारी मानी जा रही है। हालांकि 1970 में बांग्लादेश की चक्रवाती तबाही और 2010 में पाकिस्तान की बाढ़ में भी लाखों लोग प्रभावित हुए थे, पर इस बार एक साथ चार देशों में बड़े पैमाने पर मानवीय संकट गहराया है। वर्तमान मानसून में भारत और बांग्लादेश के शहरी क्षेत्रों को सर्वाधिक नुकसान हुआ है।
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सितंबर तक राहत नहीं
भारत, पाकिस्तान, चीन, बांग्लादेश के मौसम विभागों की ताजा रिपोर्टों के अनुसार सितंबर के मध्य तक मानसून सक्रिय रहेगा और अगले दो से तीन हफ्तों में भीषण बारिश से हालात और बिगड़ेंगे। भारत में उत्तराखंड, बिहार, असम, हिमाचल प्रदेश में भारी बारिश भूस्खलन की चेतावनी है, जबकि तटीय राज्यों केरल, कर्नाटक और महाराष्ट्र में अतिवृष्टि से स्थिति और बिगड़ेगी।

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