विश्व में आज भी बड़ी संख्या में बच्चे कुपोषण का शिकार हैं। संयुक्त राष्ट्र संघ ने इस पर चिंता जताई है और इसके उन्मूलन के लिए लक्ष्य तय किया है। भारत में अपेक्षाकृत स्थिति सही है, लेकिन अफ्रीकी देशों में तो हालत बहुत ही खस्ता है। कई देशों में स्कूली बच्चों के लिए विशेष डाइट की व्यवस्था की जाती है। आइए, जानते हैं बच्चों के खाने में ऐसा क्या दिया जाता है, जिसे देख बच्चे भी कहते हैं वॉव, यम्मी।
जापान में भरपूर दी जाती हैं ताजी-हरी सब्जियां
जापान में बच्चों के दोपहर के खाने में ताजी और हरी सब्जियां ज्यादा मात्रा में दी जाती हैं। विकसित देशों की तरह यहां स्कूलों में वेंडिंग मशीन नहीं होतीं। अधिकतर स्कूलों में बच्चों को खाना परोसा जाता है और आमतौर पर बच्चे घर से खाना नहीं लाते हैं। यहां खाने में चावल, मछली, सूप और छोटे बच्चों के लिए दूध भी होता है।
अमेरिका में बच्चों के लिए चलाए जाते हैं न्यूट्रीशन प्रोग्राम
अमेरिका में बच्चों के खान-पान को ध्यान में रखकर चाइल्ड न्यूट्रीशन प्रोग्राम चलाए जाते हैं। इसमें ब्रेकफास्ट, लंच और समर सर्विस फूड प्रोग्राम शामिल है। सॉलिड फैट, सोडियम और शुगर वाली चीजें जैसे जूस व मीट, ब्रेड आदि को खाने में मुख्य रूप से शामिल किया जाता है। इसके अलावा ज्यादा फैट वाले डेयरी प्रोडक्ट्स खाने में न के बराबर होते हैं।
ब्रिटेन में बच्चों को लंच में दूध जरुरी
ब्रिटेन में बच्चे दोपहर का खाना घर से लेकर आते हैं। कुछ स्कूलों में खाना मिलने की सुविधा भी है। यहां प्राइमरी लेवल पर हर स्कूल में बच्चों को लंच में दूध अनिवार्य रूप से दिया जाता है। इसके अलावा यहां खाने में ज्यादातर मौसमी सब्जियों का उपयोग होता है। पॉल्ट्री (अंडा आदि) और सी-फूड प्रोडक्ट्स भी भरपूर मात्रा में खिलाए जाते हैं।
दक्षिण कोरिया में बच्चों को स्कूल में मिलता है लंच
साउथ कोरिया में दोपहर का खाना बच्चों को स्कूल से ही दिए जाने का प्रावधान है। खाने में मुख्य रूप से चावल होता है और उसके साथ हरी सब्जियां व मांस, कच्ची गाजर, टमाटर आदि को विशेष रूप से परोसा जाता है। इनके खाने में खिमची, नामूल, बीबिमबैप जैसी पारंपरिक डिश शामिल हैं, जोकि हरी सब्जियों से ही बनाई जाती हैं।
साउथ अफ्रीका में 49 प्रतिशत बच्चे घर से लाते हैं खाना
साउथ अफ्रीका में ज्यादातर स्कूलों में गाइडलाइन तय है कि किस तरह का खाना बच्चे घर से लेकर आएं। यहां के 49 प्रतिशत बच्चे दोपहर का खाना घर से ही लाते हैं। खाने में ब्रेड, चावल, सब्जियां, उबले अंडे, मीट और लो फैट दूध व दही आदि शामिल है। किसी भी फ्लेवर्ड ड्रिंक न देकर यहां बच्चों को केवल सादा पानी या दूध पिलाया जाता है।