बीते बुधवार को कजाखस्तान में हुए भयावह विमान हादसे में 38 लोगों की मौत हो गई, जिनमें दोनों पायलट भी शामिल हैं। विमान में कुल 67 यात्री सवार थे जिसमें 29 यात्रियों को बचा लिया गया। हादसे में मारे गए दोनों पायलटों ने अपनी जान गंवाकर अन्य यात्रियों को बचाया, जिसके लिए अजरबैजान एयरलाइंस ने मृत दोनों पायलटों की वीरता की सराहना की है।
बता दें कि यह विमान, जो अजरबैजान एयरलाइंस का एम्ब्रेयर 190 जेट 67 यात्रियों के साथ बाकू से ग्रोज़्नी जा रहा था। खराब मौसम के कारण विमान को कजाखस्तान के अक्तौ शहर के पास आपातकालीन लैंडिंग करनी पड़ी, जिससे ये बड़ा हादसा हुआ।
एयरलाइन के अध्यक्ष ने की सराहना
एयरलाइन के अध्यक्ष समीर रजायेव ने पायलटों की वीरता की सराहना की। उन्होंने कहा कि उनके समर्पण और मानव जीवन को प्राथमिकता देने के कारण वे हमेशा के लिए याद रखे जाएंगे। जानकारी के अनुसार पायलटों ने 15,000 से ज्यादा उड़ान घंटे पूरे किए थे।
शुरुआती जांच में सामने आई थी ये बात
समाचार एजेंसी 'इंटरफैक्स' के मुताबिक, विमान के कंट्रोल सिस्टम और बेक-अप सिस्टम के फेल होने के बाद पायलट ने आपातकालीन लैंडिंग का फैसला किया। विमान से एक पक्षियों का झुंड टकराया, जिसके बाद पायलट ने अक्तऊ हवाई अड्डे पर विमान की आपातकालीन लैंडिंग की कोशिश की। समाचार एजेंसी 'रॉयटर्स' ने भी रूस के विमानन वॉचडॉग की प्रारंभिक जानकारी के हवाले से कहा कि पायलट ने पक्षियों के टकराने के बाद लैंडिंग का फैसला किया।
इसके साथ ही कुछ रिपोर्ट्स में यह भी कहा गया है कि घटना के दिन ग्रोज़्नी और आसपास के इलाकों में यूक्रेनी ड्रोन हमले हुए थे, जिसके कारण विमान प्रभावित हुआ हो। हालांकि मामले में जांच जारी है और विमान का ब्लैक बॉक्स बरामद कर लिया गया है, जिसका विश्लेषण किया जा रहा है ताकि दुर्घटना के कारणों का पता लगाया जा सके।
हादसे के वीडियो पर एक नजर
विमान हाएक वीडियो में देखा गया कि यात्रियों को विमान के पिछले हिस्से से बाहर निकाला जा रहा था, जो आमतौर पर दुर्घटना के समय सुरक्षित माना जाता है। विमान के पीछे की सीटों पर मृत्यु दर सबसे कम (32%) थी, जबकि अन्य सीटों पर यह दर ज्यादा थी।