काश पटेल और डोनाल्ड ट्रंप
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पटेल के बयान से डेमोक्रेट्स में चिंता
नियुक्ति के बाद काश पटेल ने इसपर अपनी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा एफबीआई में बड़े बदलाव की योजना की बात की है, जिसमें उन्होंने वाशिंगटन में मुख्यालय में पदों की संख्या कम करने और एजेंसी के पारंपरिक अपराध-निरोधक कार्यों पर जोर देने की बात की है। लेकिन उनके कुछ बयानों ने डेमोक्रेट्स के बीच चिंता पैदा की है। उन्होंने कहा था कि वह ट्रंप विरोधी "षड्यंत्रकारियों" के खिलाफ कार्रवाई करेंगे। यह बयान डेमोक्रेट्स के लिए चिंता का विषय बना क्योंकि उन्हें लगता है कि पटेल संघीय सरकार और मीडिया में विपक्षी आवाजों को दबाने के लिए काम करेंगे।
सीनेट ज्यूडिशियरी कमेटी ने किया समर्थन
सीनेट ज्यूडिशियरी कमेटी ने एफबीआई चीफ के लिए राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के पसंदीदा काश पटेल का समर्थन किया। सीनेट ने नामांकन को आगे बढ़ाने के लिए पार्टी लाइन के आधार मतदान किया। इसके बाद उनके नाम पर 30 घंटे तक बहस हुई और फिर सीनेट से काश पटेल को मंजूरी मिल गई।
बता दें कि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की ओर से मंत्रिमंडल और प्रशासन में नामित किए गए पटेल विवादास्पद लोगों में से एक रहे हैं। वह पूर्व लोक अभियोजक रहे हैं, जिन्होंने अमेरिकी राजनीति में तेजी से अपना प्रभुत्व जमाया। रिपब्लिकन पार्टी के कुछ सीनेटरों ने पहले उनके नामांकन पर संदेह जताया था, लेकिन अंत में उन्होंने राष्ट्रपति ट्रंप के फैसले का समर्थन किया।