जॉर्डन के राजा किंग अब्दुल्लाह द्वितीय
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जॉर्डन के किंग अब्दुल्लाह द्वितीय ने अपने सौतेले भाई के साथ चल रहे विवाद को सार्वजनिक करते हुए उन्हें घर में नजरबंद करने की औपचारिक रूप से मंजूरी दे दी है। किंग अब्दुल्ला द्वितीय ने बृहस्पतिवार को जारी एक सार्वजनिक पत्र में अभूतपूर्व रूप से कठोर शब्दों का इस्तेमाल करते हुए अपने सौतेले भाई प्रिंस हमजा को ‘सनकी’ भी कहा। सम्राट ने हमजा को अप्रैल 2021 में पश्चिमी-सहयोगी साम्राज्य को अस्थिर करने की उसकी कथित साजिश के लिए घर में नजरबंद कर दिया था।
इस पत्र में किंग अब्दुल्ला द्वितीय ने कहा कि उन्होंने प्रिंस हमजा को उनके महल में नजरबंद करने को मंजूरी दी है और उनके संवाद-संचार एवं आवाजाही पर रोक लगा दी है। उन्होंने कहा कि उन्होंने ऐसा अपने भाई के सनकी बर्ताव और लालसाओं के मद्देनजर किया गया है।
जॉर्डन नरेश ने अपने पत्र में कहा एक आरामदायक जीवन जीने के लिए आवश्यक सभी चीजें हमजा को दी जाएंगी, लेकिन उन्हें वह अधिकार नहीं मिलेंगे जिनका दुरुपयोग उन्होंने देश और देश के संस्थानों और अपने परिवार के विरोध में किया।
अब्दुल्ला ने पहले विवाद को परिवार तक सीमित रखने का प्रयास किया था। अपने सौतेले भाई की सार्वजनिक रूप से निंदा करते हुए कठोर शब्दों का प्रयोग करना उनके लिए जोखिम भरा कदम हो सकता है। हमजा को देश में, खासकर जॉर्डन की जनजातियों के बीच लोकप्रियता हासिल है। ये जनजातियां शाही परिवार का परंपरागत रूप से समर्थन करती आई हैं। यह घोषणा शाही महल में जारी विवाद में ताजा घटनाक्रम है।
अब्दुल्ला और हमजा जॉर्डन के राजा रह चुके हुसैन के बेटे हैं जिन्होंने करीब आधी सदी तक देश पर राज किया। किंग हुसैन का निधन 1999 में हो गया था। उन्होंने हमजा को अपना उत्तराधिकारी घोषित किया था लेकिन 2004 में उनसे यह अधिकार छीन लिया गया था। शाही परिवार ने सल्तनत को कथित तौर पर अस्थिर करने की साजिश रचने के मामले में हमजा को पिछले वर्ष अप्रैल में घर में नजरबंद कर दिया था। अब्दुल्ला ने अपने सौतेले भाई पर राजद्रोह का आरोप लगाया था, लेकिन कहा था कि परिवार के अंदर मामले का हल निकाला जा रहा है।
रॉयल कोर्ट द्वारा जारी पत्र के मुताबिक, मार्च महीने में हमजा ने नरेश से माफी मांग ली थी और कहा था कि उन्हें उम्मीद है कि हम अपने देश के और अपने परिवार के इतिहास में इस अध्याय के पन्ने को पलट सकते हैं। किंग अब्दुल्ला ने बृहस्पतिवार के पत्र में अपने सौतेले भाई पर निशाना साधते हुए कहा कि वह कभी अपने देश को ऐसे आदमी का बंधक नहीं बनने देंगे जिसने उसके देश की सेवा के लिए कुछ नहीं किया।