बीते 7 अक्तूबर 2023 को हमास के हमले के साथ शुरू हुए इस्राइल और फलस्तीन के बीच जंग ने पूरी दुनिया को हिलाकर रख दिया। 15 महीनें से चल रहे इस जंग में सैकड़ों लोगों की जान चली गई। इसी बीच कई देशों के प्रयास बाद अखिरकार इस्राइल ने युद्ध विराम समझौते और कैदियों की रिहाई पर सहमति जताई है। इसको लेकर इस्राइली प्रधानमंंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने कहा कि हमास के साथ युद्ध विराम समझौता अभी पूरी तरह से तय नहीं हुआ है और इस पर आखिरी विवरण पर काम किया जा रहा है।
19 जनवरी से प्रभावी होगा समझौता
कतर, मिस्र और अमेरिका ने बुधवार को एक संयुक्त बयान जारी किया। इसमें बताया गया कि इस्राइल और हमास ने युद्ध विराम और बंधकों की रिहाई के लिए समझौता किया है। यह समझौता 19 जनवरी 2025 से प्रभावी होगा और इसमें तीन चरणों में शांति लाने की योजना है।
साथ ही मामले में कतर, मिस्र और अमेरिका ने यह सुनिश्चित करने का वचन दिया है कि सभी तीन चरणों का पालन किया जाएगा और यह समझौता पूरी तरह से लागू होगा। इन देशों ने संयुक्त राष्ट्र और अन्य अंतर्राष्ट्रीय भागीदारों के साथ मिलकर इस प्रक्रिया को सफल बनाने का भी वादा किया है।
तीन चरण में होगा समझौता...
पहला चरण: युद्धविराम और बातचीत शुरू होना, जिसमें 33 बंधकों की रिहाई होनी चाहिए। इस दौरान इस्राइली सेना गाजा से हटेगी और मानवीय सहायता भेजी जाएगी।
दूसरा चरण: युद्धविराम के 16 दिन बाद बंधकों की पूरी रिहाई, जिसमें इस्राइली सेना गाजा से पूरी तरह हटेगी। हालांकि, इजरायल ने कहा है कि वह तब तक पूरी तरह से हटने को तैयार नहीं है जब तक हमास की सैन्य शक्ति खत्म नहीं हो जाती।
तीसरा चरण: शेष बंधकों के शवों की वापसी और गाजा के पुनर्निर्माण की शुरुआत, जो युद्ध से बहुत बुरी तरह तबाह हो चुका है।
गौरतलब है कि समझौते को इस्राइल के मंत्रिमंडल से मंजूरी मिलने के बाद ही इसे लागू किया जाएगा।
Office of the Prime Minister of Israel tweets, "The Prime Minister made it clear that he is committed to returning all of the hostages however he can and commended the US President-elect for his remarks that the US would work with Israel to ensure that Gaza will never be a haven… pic.twitter.com/7X1OyhrK1p
इस्राइली पीएम कार्यालय का बयान
इस्राइल के प्रधानमंत्री कार्यालय ने ट्वीट किया कि प्रधानमंत्री ने कहा है कि वे सभी बंधकों को वापस लाने के लिए पूरी तरह से प्रतिबद्ध हैं। उन्होंने अमेरिका के आने वाले राष्ट्रपति की इस टिप्पणी की सराहना की, जिसमें कहा गया था कि अमेरिका इस्राइल के साथ मिलकर काम करेगा ताकि गाजा कभी भी आतंकवादियों का ठिकाना न बने।
गाजा के लोगों में खुशी
जब समझौते की घोषणा हुई, तो गाजा में लोग सड़कों पर आकर खुशी से नारे लगाने और कारों के हॉर्न बजाने लगे। इजरायल-हामास संघर्ष में गाजा में 46,000 से अधिक फिलिस्तीनी मारे गए हैं, जिनमें ज्यादातर महिलाएं और बच्चे हैं।
"'Wings of Freedom' is the name given to the IDF’s preparations for the return of the hostages.", tweets IDF (Israel Defence Forces) pic.twitter.com/hX7UEx8WIx
इस्राइल-हमास के बीच युद्धविराम का समझौता
इस्राइल और हमास के बीच युद्ध विराम पर समझौता हो गया है। बुधवार को मध्यस्थ वार्ताकारों ने बताया कि समझौते के तहत शुरुआती छह सप्ताह के लिए युद्ध रोका जाएगा। इसके बाद पूर्ण युद्ध विराम पर चर्चा की जाएगी। कतर की राजधानी में कई सप्ताह तक चली कड़ी बातचीत के बाद हुए इस समझौते में हमास की ओर से बंधक बनाए गए दर्जनों लोगों को चरणबद्ध तरीके से रिहा करने पर सहमति जताई गई है। इस्राइल भी अपने कैद से सैकड़ों फलस्तीनी कैदियों को रिहा करने के लिए सहमत हो गया है।
यही नहीं इस समझौते से अब गाजा में विस्थापित हुए लाखों लोगों अपने घर लौट आएंगे। कतर और हमास के अधिकारियों ने समझौते की पुष्टि कर दी है, इस्राइल की तरफ से अभी तक कोई कोई टिप्पणी नहीं की गई। इस समझौते को अभी इस्राइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू की कैबिनेट द्वारा अनुमोदित किए जाने की आवश्यकता है।
हालांकि मध्यस्थ वार्ताकारों को यकीन है कि आने वाले दिनों में यह प्रभावी हो जाएगा। वार्ताकारों ने कहा कि छह सप्ताह के युद्ध विराम के बीच करीब 100 बंधकों में से 33 को रिहा कर दिया जाएगा। इसके बाद अन्य को भी चरणबद्ध तरीके से रिहा किया जाएगा। दूसरी तरफ, यह स्पष्ट नहीं है कि कितने विस्थापित फलस्तीनी अपने घर लौट पाएंगे।