ईरान के राष्ट्रपति हसन रुहानी ने कहा है कि ईरान अमेरिका के दबाव के सामने कभी आत्मसमर्पण नहीं करेगा और ना ही अपने लक्ष्यों से पीछे हटेगा फिर चाहे उसपर बम ही क्यों ना गिरा दिया जाए। ये बात रुहानी ने गुरुवार को कही है।
इससे पहले ईरान के सेना प्रमुख ने कहा है कि ईरान और वाशिंगटन के बीच चल रहा विवाद 'इच्छाओं का संघर्ष' है। ईरान की ओर से यह भी कहा गया कि अमेरिका खाड़ी क्षेत्र में उससे उलझने का प्रयास ना करे। अमेरिकी सैनिकों ने मध्य-पूर्व में मौजूदगी बढ़ाई है। यहां जंगी बेड़े तैनात किए गए हैं। इनमें पैट्रियट मिसाइलें, बी-52 बमवर्षक और एफ-15 लड़ाकू विमान शामिल हैं।