अमेरिका से एटमी कार्यक्रम को लेकर जारी तनाव के बीच ईरान ने फोर्दो स्थित परमाणु सुविधा विकसित करने वाले भूमिगत क्षेत्र में निर्माण कार्य शुरू कर दिया है। इस संबंध में शुक्रवार को उपग्रह से मिली तस्वीरें भी मिली हैं जिनमें यहां जारी निर्माण कार्य देखा जा सकता है। जबकि ईरान ने अब तक यहां किसी भी तरह के नए निर्माण को सार्वजनिक तौर पर स्वीकार नहीं किया है।
इस क्षेत्र को 2015 में तेहरान के साथ हुए परमाणु समझौते से पहले 2009 में पश्चिमी देशों ने खोजा था। हालांकि यहां हो रहे निर्माण कार्य का मकसद स्पष्ट नहीं है लेकिन अमेरिका में राष्ट्रपति चुनाव से पहले ट्रंप प्रशासन के दिनों में ईरान इस बात पर मन बना चुका था कि वह परमाणु विस्तार पर काम शुरू करेगा। मिडिलबरी इंस्टीट्यूट ऑफ इंटरनेशनल स्टडीज के जेम्स मार्टिन केंद्र के विशेषज्ञ जेफरी लेविस ने बताया कि ईरान के परमाणु कार्यक्रम की अगुआई में इस साइट पर किसी भी बदलाव को गंभीरता से देखा जाना चाहिए, क्योंकि यहां शुरू हुआ नया निर्माण ईरान की परमाणु विस्तार नीति का स्पष्ट उदाहरण होगा। अंतरराष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी द्वारा इस संबंध में किए गए अनुरोध का भी संयुक्त राष्ट्र में ईरान के मिशन ने कोई जवाब नहीं दिया है।
बाइडन पर नरम, रूहानी बोले- एटमी संधि में दोबारा शामिल होगा अमेरिका
ईरान ने अमेरिका में नवनिर्वाचित राष्ट्रपति जो बाइडन के नेतृत्व की तारीफ की है। ईरानी राष्ट्रपति हसन रूहानी ने बाइडन पर नरम रुख अपनाते हुए कहा है कि उन्हें कोई शक नहीं कि बाइडन प्रशासन 2015 के परमाणु समझौते में फिर से शामिल होगा। बता दें कि मई 2018 में राष्ट्रपति ट्रंप ने ईरान पर संधि के उल्लंघन का आरोप लगाते हुए इसे तोड़ने का एलान किया था। समझौते में ईरान, अमेरिका, फ्रांस, ब्रिटेन, चीन, रूस और यूरोपीय संघ शामिल थे।