पहलगाम आतंकी हमले की इंडोनेशिया ने भी निंदा की है। इंडोनेशिया के राष्ट्रपति प्रबावो सुबियांतो ने आतंकी हमले को लेकर पाकिस्तान को खूब खरी खोटी सुनाई। उन्होंने कहा कि इंडोनेशिया में जिस इस्लाम का पालन किया जाता है, वह ऐसे आतंकी हमलों की शिक्षा नहीं देता है। हम आतंकवाद के खिलाफ भारत के साथ हैं।
इंडोनेशियाई राष्ट्रपति प्रबावो सुबियांतो ने भारतीय राजदूत संदीप चक्रवर्ती के साथ बैठक की। उन्होंने कहा कि किसी भी आतंकवाद से कोई नतीजा नहीं निकल सकता। इसलिए हमें हथियार छोड़कर बात करनी चाहिए।
इंडोनेशिया में तैनात भारतीय राजदूत संदीप चक्रवर्ती ने कहा कि इंडोनेशिया में दुनिया के सबसे ज्यादा मुस्लिम रहते हैं। इंडोनेशिया के राष्ट्रपति ने मुझे बुलाकर बात की। उन्होंने पहलगाम आतंकी हमले को लेकर चिंता जताई। साथ ही मृतकों को श्रद्धांजलि दी।
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कब हुआ आतंकी हमला
जम्मू-कश्मीर के पहलगाम शहर के निकट ‘मिनी स्विटरलैंड’ नाम से मशहूर पर्यटन स्थल पर मंगलवार दोपहर हुए आतंकवादी हमले में 26 लोगों की मौत हो गई, जिनमें ज्यादातर पर्यटक हैं। यह 2019 में पुलवामा में हुए हमले के बाद घाटी में हुआ सबसे घातक हमला है। एक उच्च पदस्थ अधिकारी ने बताया कि 26 मृतकों में दो विदेशी और दो स्थानीय निवासी हैं।
हथियारबंद आतंकवादी 'मिनी स्विट्जरलैंड' में घुस आए और भोजनालयों के आसपास घूम रहे, खच्चर की सवारी कर रहे, पिकनिक मना रहे पर्यटकों पर गोलीबारी शुरू कर दी। पाकिस्तान में स्थित प्रतिबंधित आतंकवादी संगठन लश्कर-ए-तैयबा (एलईटी) के छद्म संगठन ‘द रेजिस्टेंस फ्रंट’ (टीआरएफ) ने हमले की जिम्मेदारी ली है।
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भारत ने लिए थे पांच कड़े फैसले
पहलगाम हमले के एक दिन बाद प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अध्यक्षता में बुधवार शाम को नई दिल्ली में सुरक्षा मामलों की कैबिनेट समिति (सीसीएस) की बैठक हुई और महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। 1960 की सिंधु जल संधि पर रोक लगाने, अटारी में एकीकृत जांच चौकी को तत्काल प्रभाव से बंद करने का भी फैसला किया। यह घोषणा की गई कि दक्षेस वीजा छूट योजना (एसवीईएस) के तहत पाकिस्तानी नागरिकों को भारत की यात्रा करने की अनुमति नहीं दी जाएगी और पाकिस्तानी नागरिकों को अतीत में जारी किए गए ऐसे किसी भी वीजा को रद्द माना जाएगा।