अंतरराष्ट्रीय अपराध से जुड़े एक बड़े नेटवर्क का खुलासा हुआ है। एक भारतीय-कनाडाई गैंगस्टर को अमेरिका में गिरफ्तार किया गया है। उस पर आरोप है कि उसने एक कुख्यात आयरिश गिरोह के साथ मिलकर ड्रग्स की वैश्विक तस्करी का नेटवर्क चलाया। यह गिरफ्तारी न केवल कनाडा बल्कि अमेरिका, चीन, तुर्की और ऑस्ट्रेलिया जैसे देशों से जुड़ी आपराधिक गतिविधियों के गहरे संबंध को उजागर करती है।
गिरफ्तार आरोपी की पहचान ओपिंदर सिंह सियान के रूप में हुई है। अमेरिकी ड्रग एनफोर्समेंट एजेंसी ने जून 2025 में उसे नेवाडा राज्य से गिरफ्तार किया था। अब उसे कैलिफोर्निया ले जाया जा रहा है, जहां उसके खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। कोर्ट दस्तावेजों के अनुसार, सियान अमेरिका, तुर्की और आयरलैंड के अपराधियों के साथ मिलकर चीन से नशीले पदार्थों के केमिकल मंगवाता था और फिर उसे ऑस्ट्रेलिया भेजता था।
आयरिश 'किनाहन गैंग' से सियान के संबंध
सियान, कुख्यात आयरिश माफिया समूह 'किनाहन गैंग' के साथ मिलकर मेथामफेटामाइन और फेंटेनिल जैसे खतरनाक नशीले पदार्थों की तस्करी कर रहा था। यह गैंग पहले भी यूरोप और अमेरिका में ड्रग्स की तस्करी के लिए बदनाम रहा है। सियान की इस गिरफ्तारी से एक बार फिर इस गिरोह की अंतरराष्ट्रीय नेटवर्किंग का पर्दाफाश हुआ है।
कनाडा के 'ब्रदर्स कीपर्स' गैंग से जुड़ा रहा है सियान
रिपोर्ट के अनुसार, सियान कनाडा के ब्रिटिश कोलंबिया प्रांत के सरे शहर में सक्रिय 'ब्रदर्स कीपर्स' नामक अपराधी गिरोह का सदस्य भी रहा है। इस गिरोह के अंतरराष्ट्रीय संगठनों से भी गहरे संबंध हैं। सियान पहले भी 2008 और 2011 में सरे में गोलीबारी का शिकार हो चुका है, जिससे वह किसी तरह बच निकला था।
ये भी पढ़ें- इस्राइली हमलों में 41 फलस्तीनियों की मौत, राहत वितरण केंद्र के पास भगदड़ में 20 अन्य की भी गई जान
नशीली दवाओं की तस्करी में चीन से कनेक्शन
अदालत में दाखिल शपथपत्र में यह भी खुलासा हुआ है कि सियान चीन से ड्रग्स के प्रीकरसर केमिकल (यानी ड्रग बनाने के लिए जरूरी रसायन) मंगवाकर, अमेरिका के लॉस एंजेलिस बंदरगाह के रास्ते ऑस्ट्रेलिया भेजता था। इस नेटवर्क में तुर्की और अमेरिका के आपराधिक संगठन भी शामिल थे।
ये भी पढ़ें- भारत और अमेरिका के बीच जल्द हो सकता है व्यापार समझौता, अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने फिर दिए संकेत
कनाडा बना है ट्रांसनेशनल क्राइम का हब
पूर्व सैन्य खुफिया अधिकारी स्कॉट मैकग्रेगर ने ग्लोबल न्यूज से बातचीत में कहा कि “वैंकूवर अब उत्तर अमेरिका में ट्रांसनेशनल ऑर्गनाइज्ड क्राइम का ग्रैविटी सेंटर बन चुका है।” यानी वैंकूवर जैसे शहर अब अंतरराष्ट्रीय अपराध नेटवर्क के संचालन का केंद्र बनते जा रहे हैं। सियान की गिरफ्तारी इसी खतरे की बड़ी चेतावनी मानी जा रही है।