अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत को बड़ी सफलता मिली है। भारत कड़े मुकाबले में चार साल की अवधि के लिए संयुक्त राष्ट्र सांख्यिकी आयोग के लिए चुना गया है। भारत ने चीन समेत अन्य देशों को पीछे छोड़ते हुए ये सफलता हासिल की।
भारत ने क्या कहा?
संयुक्त राष्ट्र में भारत के स्थायी मिशन द्वारा जारी एक प्रेस विज्ञप्ति में कहा गया है, 'आधिकारिक सांख्यिकी के क्षेत्र में भारत का अनुभव विशेष रूप से इसकी विविधता और जनसांख्यिकी के संबंध में बहुत अधिक है और यह सांख्यिकीय आयोग के कामकाज के लिए एक मूल्यवान अतिरिक्त होगा।'
भारत को अर्जेंटीना, बुरुंडी, चिली, चीन, डोमिनिकन गणराज्य, ग्वाटेमाला, इंडोनेशिया, जापान, केन्या, मैक्सिको, मोरक्को, नाइजीरिया, पेरू, कतर, सिंगापुर, दक्षिण अफ्रीका, थाईलैंड के साथ नारकोटिक ड्रग्स पर आयोग के लिए चुना गया था। संयुक्त गणराज्य तंजानिया, उरुग्वे और जिम्बाब्वे को 1 जनवरी, 2024 से शुरू होने वाले चार साल के कार्यकाल के लिए।
समुद्री जैव विविधता पर संयुक्त राष्ट्र सम्मेलन के पांचवे अंतर सरकारी सम्मेलन ने समाप्त की वार्ता
विदेश मंत्री एस जयशंकर ने गुरुवार को कहा कि समुद्री जैव विविधता के सतत उपयोग पर संयुक्त राष्ट्र के पांचवें अंतर-सरकारी सम्मेलन ने अपनी वार्ता समाप्त कर ली है। उन्होंने राज्यसभा में एक सवाल के जवाब में कहा कि समझौते का प्राथमिक उद्देश्य समुद्र में होने वाली समुद्री जैव विविधता का संरक्षण और सतत उपयोग है। इसमें राष्ट्रीय अधिकार क्षेत्र से परे उच्च समुद्रों और अन्य क्षेत्रों के संरक्षण और टिकाऊ उपयोग को बढ़ाने के लिए कानूनी प्रावधान हैं।