पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान की सत्ता बरकरार रहेगी या उन्हें प्रधानमंत्री पद छोड़ना होगा, इसका फैसला रविवार को होगा। इससे पहले शुक्रवार को इमान ने कहा कि भारत का समर्थन कर रहा एक शक्तिशाली देश मेरी हालिया रूस यात्रा की वजह से पाकिस्तान से नाराज है।
इस्लामाबाद सुरक्षा डायलॉग को संबोधित करते हुए इमरान नो जोर दिया कि एक स्वतंत्र विदेश नीति देश के लिए बहुत आवश्यक है। उन्होंने कहा कि पाकिस्तान अन्य शक्तिशाली देशों पर निर्भरता के लिए 'डिपेंडेंसी सिंड्रोम' की वजह से अपनी पूरी क्षमताओं को नहीं छू पा रहा है।
'देश के हितों की रक्षा के लिए स्वतंत्र विदेश नीति जरूरी'
उन्होंने कहा कि बिना स्वतंत्र विदेश नीति के एक देश अपने लोगों के हितों की रक्षा नहीं कर सकता है। उन्होंने कहा, विदेशी मदद के बदले में अन्य देशों की इच्छाओं का गुलाम बन जाने के मुकाबले अपने देश के हितों को सबसे ऊपर रखते हुए स्वतंत्र फैसले लिए जाना बहुत जरूरी है।
इसके साथ ही अमेरिका का उल्लेख करते हुए प्रधानमंत्री इमरान खान ने कहा कि एक ताकतवर देश ने ने मेरी हालिया रूस यात्रा को लेकर नाराजगी व्यक्त की है। उन्होंने कहा कि वो मेरी रूस यात्रा से नाराज है लेकिन वह भारत का सहयोग कर रहा है जो रूस से तेल आयात करता है।
24 फरवरी को पुतिन से मिलने मॉस्को गए थे इमरान खान
बता दें कि इमरान खान 24 फरवरी को रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन से मिलने मॉस्को गए थे। इसी दिन पुतिन ने यूक्रेन के खिलाफ हमले की शुरुआत की थी, जिसे वह एक विशेष सैन्य अभियान कहते हैं। रूस का यूक्रेन पर यह हमला अभी भी जारी है और संकट की स्थिति बनी हुई है।
इससे पहले बुधवार को ही पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय ने अमेरिका के कार्यवाहक दूत को समन किया था। उन्गें एक धमकी भरे पत्र और इमरान खान की पार्टी पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ के खिलाफ विदेश से वित्तपोषित एक कथित साजिश को लेकर पेश होने के लिए कहा गया था।
भारत एक खुद्दार कौम, उसके पासपोर्ट की दुनिया में इज्जत
इसके अलावा शुक्रवार को एक चैनल को दिए साक्षात्कार में इमरान खान ने भारत को एक खुद्दार कौम बताया है। उन्होंने कहा कि जब तक अमेरिका और चीन के बीच शीत युद्ध चलता रहा, भारत ने किसी का पक्ष नहीं लिया। आज भारत की विदेश नीति की वजह से दुनिया भर में उसके पासपोर्ट की एक कीमत है।
उन्होंने कहा कि पाकिस्तान पैसों के लिए एक पक्ष से दूसरे पक्ष की ओर आता-जाता रहा। आज हमारे पासपोर्ट का कोई सम्मान नहीं रह गया है।
इमरान ने समय पूर्व चुनाव आयोजित करने का दिया संकेत
प्रधानमंत्री खान ने यह भी कहा कि अविश्वास प्रस्ताव पर मतदान के बाद समय से पहले चुनाव करवाए जा सकते हैं, यह एक अच्छा विचार है। उन्होंने दोहराया कि हमारी सरकार को हटाने के लिए विपक्ष एक अंतरराष्ट्रीय साजिश का हिस्सा है। इस बात का संकेत भी दिया कि देश में चुनाव समय से पहले करवाए जा सकते हैं। इससे पहले विपक्षी दलों ने सर्वसम्मति से इमरान के प्रस्ताव को खारिज कर दिया। इसके साथ ही उन्होंने स्पीकर से जल्दी ही अविश्वास प्रस्ताव पर मतदान कराए जाने की मांग की। दरअसल, इमरान ने गुरुवार को कहा था कि यदि विपक्ष अविश्वास प्रस्ताव वापस ले लेता है, तो वे सदन भंग कर नए चुनाव की घोषणा करने के लिए तैयार हैं।