अमेरिका के साथ शांति वार्ता के बाद अफगानिस्तान में तालिबान ने अपने हमले तेज कर दिए हैं। शुक्रवार को जुमे की नमाज के दौरान राजधानी काबुल के पश्चिम में स्थित शेरशाह सूरी मस्जिद में धमाके में इमाम समेत चार लोगों की मौत हो गई। इस धमाके में कई अन्य लोग घायल भी हैं।
अफगानिस्तान के आंतरिक मंत्रालय ने इस घटना की पुष्टि करते हुए कहा है कि कोरोना वायरस लॉकडाउन के कारण कम ही लोग नमाज के लिए मस्जिद पहुंचे थे। इसलिए, इस विस्फोट की चपेट में कम लोग आए हैं। घटना की जानकारी मिलने के बाद स्थानीय पुलिस और बम निरोधक दस्ता मौके पर पहुंच गया है।
बताया जा रहा है कि विस्फोटक को मस्जिद के अंदर छिपा कर रखा गया था। दो जून को काबुल के डाउन टाउन में वजीर अकबर खान मस्जिद के भीतर एक आईईडी विस्फोट हुआ था, जिसमें मस्जिद के इमाम मोहम्मद अयाज नियाजी की मौत हो गई थी। हालांकि इस घटना की जिम्मेदारी किसी भी संगठन ने नहीं ली थी।