हमास के सदस्य मूसा अबू मरजौक ने कहा कि सुरंगें लड़ाकों के लिए हैं।
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इस्राइल-हमास के बीच संघर्ष तीन सप्ताह से अधिक समय से जारी है। इसमें अभी तक साढ़े नौ हजार से ज्यादा लोगों की जान जा चुकी है। फिर भी युद्ध थमता नहीं दिखाई दे रहा है। एक तरफ इस्राइल ने आतंकियों को चुन-चुनकर खत्म करने की कसम खा ली है। वहीं दूसरी ओर, हमास भी हार नहीं मान रहा है। उसने सुरंगें खोदना शुरू कर दिया है। हालांकि, यह सुरंगें नागरिकों के लिए नहीं बल्कि लड़ाकों की रक्षा के लिए हैं। यह कहना है हमास के सदस्य मूसा अबू मरजौक का।
सुरंगों के अलावा और कोई विकल्प नहीं
एक रिपोर्ट के अनुसार, मूसा अबू मरजौक ने एक इंटरव्यू में कहा कि नागरिकों की रक्षा करना संयुक्त राष्ट्र और इस्राइल की जिम्मेदारी है। गाजा में भूमिगत सुरंगें लड़ाकों की रक्षा के लिए हैं। लड़ाकों के पास सुरंगों से लड़ने के अलावा कोई विकल्प नहीं है।
जिनेवा संधि का हवाला
उसने जिनेवा संधि का हवाला देते हुए कहा, 'यह संयुक्त राष्ट्र की जिम्मेदारी है कि जब तक नागरिक कब्जे में हैं, उन्हें सभी सेवाएं मुहैया कराए। हमने खुद को हमलों से बचाने के लिए सुरंगों को तैयार किया है। ये हमें हवाई हमलों से बचाने के लिए हैं।’
गाजा में साढ़े आठ हजार लोगों की मौत
गाजा स्वास्थ्य मंत्रालय द्वारा जारी नवीनतम आंकड़ों के अनुसार अब तक 8,300 से अधिक लोग मारे जा चुके हैं, जिनमें से 3,457 बच्चे थे।
इस्राइली सेना के हमले तेज
इस्राइली वायु सेना और जमीनी सेना ने गाजा पट्टी में अभियान और तेज कर दिया है। इसके अलावा, इस्राइल ने गाजा में इंटरनेट और मोबाइल फोन सेवाओं को भी निलंबित कर दिया है, जिससे अब गाजा के लोगों का बाहरी दुनिया से संपर्क टूट गया है। विदेशी मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, इस्राइली सेना ने बमबारी की। इस्राइली थल सेना गाजा पट्टी में अभियान का विस्तार कर रही है। हमास का कहना है कि उसके लड़ाके अलग-अलग क्षेत्रों में इस्राइली सैनिकों का सामना कर रहे हैं।