अमेरिका में सरकार के शटडाउन का खतरा लगातार बढ़ रहा है। इसे रोकने के लिए डेमोक्रेटिक और रिपल्बिकन पार्टी के वरिष्ठ नेता सोमवार को राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से व्हाइट हाउस में मुलाकात करेंगे। हालांकि, दोनों पक्ष अपने रवैये पर अड़े हुए हैं और अब तक किसी भी समझौते के संकेत नहीं दिख रहे हैं।
अगर मंगलवार रात तक अस्थायी फंडिंग बिल पारित नहीं हुआ, तो देशभर में कई सरकारी दफ्तर अस्थायी रूप से बंद हो जाएंगे। यानी जो कर्मचारी 'आवश्यक सेवा' में नहीं आते, उन्हें बिना वेतन पर छुट्टी पर भेज दिया जाएगा, जिससे आम लोगों और अर्थव्यवस्था दोनों पर असर पड़ेगा। इसे शटडाउन कहा जाता है। रिपब्लिकन पार्टी चाहती है कि सरकार की फंडिंग फिलहाल जैसी है, वैसी ही जारी रहे। लेकिन डेमोक्रेट्स स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर कुछ अहम मांगे सरकार से मनवाना चाहते हैं। सीनेट में डेमोक्रेटिक पार्टी के नेता चक शूमर ने कहा, यह बैठक केवल एक शुरुआत है, लेकिन हमें गभीरता से बातचीत करने की जरूरत है।
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राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सोमवार को बैठक के लिए सहमति दी है। इस बैठक में चक शूमर, सीनेट के नेता जॉन थ्यून, हाउस स्पीकर माइक जॉनसन और डेमोक्रेट नेता हकीम जेफ्रीज भी शामिल होंगे। हालांकि, ट्रंप पहले ही कह चुके हैं कि उन्हें उम्मीद है कि अगर समझौता नहीं हुआ तो इस हफ्ते शटडाउन तय है। ट्रंप ने शुक्रवार को कहा था, शटडाउन करना पड़े तो करेंगे। लेकिन शटडाउन कराने वाले वे (डेमोक्रेट्स) लोग हैं। ट्रंप प्रशासन डेमोक्रेट्स पर दबाव बना रहा है कि वे अपनी मांगे छोड़ें, क्योंकि अगर फंडिंग रुकती है तो कई सरकारी कर्मचारियों की स्थायी रूप से नौकरी जा सकती हैं।
रिपब्लिकन नेता थ्यून ने रविवार को कहा, चक शूमर ने कुछ महीने पहले ही कहा था कि अगर सरकार का शटडाउन होता है तो इससे बहुत समस्या होगी। सबकुछ अराजक हो जाएगा, नुकसान होगा और लोग परेशान होंगे। शूमर की बात सही थी। इसलिए हमें सरकार शटडाउन से बचाना चाहिए।
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हालांकि, डेमोक्रेट्स का मानना है कि बैठक के लिए ट्रंप की सहमति दिखाती है कि उन पर बातचीत का दबाव है। उनका कहना है कि चूंकि व्हाइट हाउस और कांग्रेस दोनों रिपब्लिकन पार्टी के हाथ में हैं, इसलिए अगर सरकार का शटडाउन हुआ तो लोग ट्रंप और उनकी पार्टी को जिम्मेदार ठहराएंगे। लेकिन अपनी शर्तें मनवाने के लिए डेमोक्रेट्स को मंगलवार को उस अस्थायी फंडिंग बिल के खिलाफ वोट देना होगा, जिससे सरकार सात और हफ्तों तक चल सकती है। यह डेमोक्रेटिक पार्टी के लिए असहज स्थिति है, क्योंकि वह हमेशा शटडाउन का विरोध करती रही है। यह बिल पहले ही रिपब्लिकन के नियंत्रण वाले हाउस में से पारित हो चुका है और इसे सीनेट में पारित करने के लिए कम से कम साठ वोट चाहिए। इसका मतलब हैकि कम से कम आठ डेमोक्रेटिक पार्टी के सासंदों को बिल का समर्थन करना होगा।