फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

चेतावनी: 'चीन में हो रहा उइगुरों का नरसंहार, ड्रैगन के कदमों को रोकना जरूरी', फ्रांस की संसद में पारित हुआ प्रस्ताव

Thu, 20 Jan 2022 08:02 PM IST
कीर्तिवर्धन मिश्र वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, पेरिस

सार

फ्रांस की संसद में लाए गए इस प्रस्ताव की अहमियत इसलिए भी बढ़ जाती है, क्योंकि चीन में 15 दिन बाद ही शीतकालीन ओलंपिक खेलों का आयोजन होना है। 
विज्ञापन
फ्रांस की संसद में पारित हुआ प्रस्ताव - फोटो : Social Media
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

फ्रांस की संसद ने गुरुवार को एक प्रस्ताव पारित कर चीन में उइगुर समुदाय के साथ हो रहे बर्ताव को नरसंहार करार दिया है। फ्रांसीसी संसद के निचले सदन में इस प्रस्ताव को विपक्षी सोशलिस्ट पार्टी की तरफ से पेश किया गया था। चौंकाने वाली बात यह रही कि इस प्रस्ताव को राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों की रिपब्लिक ऑन द मूव पार्टी की तरफ से भी समर्थन दिया गया। 
विज्ञापन


फ्रांस की संसद में लाए गए इस प्रस्ताव की अहमियत इसलिए भी बढ़ जाती है, क्योंकि चीन में 15 दिन बाद ही शीतकालीन ओलंपिक खेलों का आयोजन होना है। अमेरिका, ऑस्ट्रेलिया समेत कई देशों ने पहले ही उइगुर मुस्लिमों के साथ हो रहे अमानवीय बर्ताव के लिए इन ओलंपिक खेलों का राजनयिक बहिष्कार करने का एलान किया है। 

प्रस्ताव में चीन के लिए क्या कहा गया?
फ्रांस की संसद में पेश हुए प्रस्ताव में कहा गया, "संसद आधिकारिक तौर पर उइगुर समुदाय के खिलाफ चीन की ओर से की जा रही हिंसा की पहचान मानवता के खिलाफ अपराध के तौर पर करती है और इसे नरसंहार करार देती है।" इतना ही नहीं प्रस्ताव में फ्रांस सरकार से अंतरराष्ट्रीय समुदाय के साथ मिलकर चीन की नीतियों को बदलने का दबाव बनाने की बात भी कही गई है। 
विज्ञापन


सोशलिस्ट पार्टी के प्रमुख ओलिवियर फौरे ने कहा, "चीन एक महान ताकत है। हम भी चीनी नागरिकों से प्यार करते हैं। लेकिन हम एक शासन द्वारा फैलाए जा रहे प्रोपेगंडा को मानने से इनकार करते हैं। चीनी शासन हमारी कायरता की वजह से ही सीधे तौर पर एक नरसंहार को अंजाम दे रहा है।"
विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें