महारानी एलिजाबेथ द्वितीय के अंतिम संस्कार में शामिल होने के लिए दुनिया के नेता लंदन में इकट्ठा हुए हैं। पिछले कुछ दिनों में महारानी से जुड़ी हमने कई दिलचस्प कहानियां सुनीं। इसी कड़ी में ब्रिटेन में पूर्व भारतीय उच्चायुक्त, वाईके सिन्हा ने महारानी को याद करते हुए एक मजेदार किस्सा सुनाया।
पहली बार महारानी से मुलाकात क्रिसमस पार्टी पर हुई
भारत के मुख्य सूचना आयुक्त वाईके सिन्हा ने बताया कि ब्रिटेन में उच्चायोग में काम करते हुए छह बार महारानी एलिजाबेथ से मिलने का सौभाग्य प्राप्त हुआ। आगे सिन्हा ने कहा मैं उनसे पहली बार उनके बकिंघम पैलेस में उनके वार्षिक क्रिसमस रिसेप्शन पर मिला था। इस दौरान हमने बहुत ही संक्षिप्त बातचीत की।
महारानी एलिजाबेथ के साथ हुई लंबी बातचीत
आगे वाईके सिन्हा ने कहा कि महारानी एलिजाबेथ के साथ उनकी सबसे लंबी बातचीत तब हुई जब उन्होंने फरवरी 2017 में ब्रिटेन में नए उच्चायुक्त के रूप में अपना पदभार ग्रहण किया। उन्होंने कहा कि मैं उस बातचीत को जीवन भर याद रखूंगा। उन्होंने कहा जिस दिन हमारी लंबी बातचीत हुई मुझे याद है कि यह 15 फरवरी, 2017 का दिन था। यह उन समारोहों में से एक था जिसे आप नहीं भूलते हैं, और यही कारण है कि मुझे उसके साथ अपनी बातचीत की तारीख स्पष्ट रूप से याद है।
महारानी ने पूछा क्रिकेट को लेकर सवाल
उन्होंने आगे महारानी के बारे में अपनी बात साझा करते हुए कहा कि जाहिर तौर पर रानी को बताया गया था कि मुझे क्रिकेट पसंद है, और इसलिए उन्होंने मुझसे जो सवाल पूछा, वह मुझे हमेशा याद रहेगा। महारानी ने पूछा कि क्या आपको नहीं लगता कि जो रूट को गलत तरीके से आउट दिया गया था? सिन्हा ने बताया कि उस समय भारत में टी20 सीरीज चल रही थी और इंग्लिश टीम भारत दौरे पर थी।
सिन्हा ने दिया जवाब
सिन्हा ने बताया कि जब मेरे से वह सवाल कर रही थीं तो उनके चेहरे पर मुस्कान थी और यह उम्मीद कतई नहीं थी कि महारानी इतनी बारीकी से क्रिकेट देखतीं हैं। इसलिए मैंने भी सोच समझकर सवाल का जवाब दिया। मैंने महारानी से कहा कि अब टी20 में भी डीआरएस होना चाहिए। मुझे पता है शायद उस समय टी20 में कोई डीआरएस नहीं था।
उन्होंने बताया कि महारानी एलिजाबेथ घरेलू और वैश्विक विकास, विशेष रूप से भारत और यूके संबंधों दोनों को लेकर बहुत सतर्क और अच्छी तरह से वाकिफ थीं। महामहिम महारानी एलिजाबेथ के व्यक्तित्व के कई पहलू थे।