रूस की अपील
रूस ने औपचारिक रूप से अमेरिका से अनुरोध किया कि इस टैंकर का पीछा बंद किया जाए। रिपोर्ट्स के अनुसार यह अनुरोध न्यू ईयर ईव पर अमेरिकी स्टेट डिपार्टमेंट को दिया गया था। अमेरिका ने इसके बावजूद पीछा जारी रखा, यह कहते हुए कि जहाज अमेरिकी प्रतिबंधों का उल्लंघन कर रहा है और ईरानी तेल ले जा रहा है।
पिछले कुछ दिनों में पश्चिमी निगरानी विमान टैंकर के ऊपर नियमित उड़ान भरते रहे, जिसमें आइसलैंड स्थित अमेरिकी बेस और ब्रिटिश P‑8 पोसिडॉन विमान शामिल थे, जो समुद्री स्थिति का विस्तृत सर्वे करते हैं। कुछ रिपोर्टों में यह भी कहा गया है कि रूसी नौसेना ने इस टैंकर की सुरक्षा के लिए सबमरीन भी तैनात की थी। बुधवार को अमेरिकी तट रक्षक ने आखिरकार मारिनेरा को उत्तरी अटलांटिक में जब्त कर लिया। अमेरिकी रक्षा सचिव पीट हेगसेथ ने कहा कि प्रतिबंधित तेल के खिलाफ यह कार्रवाई पूरी दुनिया में लागू है।
क्यों था यह जहाज महत्वपूर्ण?
विश्लेषकों का मानना है कि यह टैंकर शैडो फ़्लीट का हिस्सा था, जिसका इस्तेमाल रूस, ईरान और वेनेजुएला के लिए तेल ले जाने में किया जाता है और यह अमेरिका द्वारा पहले ही 2024 में प्रतिबंधित किया जा चुका था। यह आरोप भी था कि जहाज ने अवैध कार्गो ले जाया था, जिसके कारण उस पर प्रतिबंध लगाया गया।