फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

‘ट्रूपिंग द कलर’ समारोह में कोकीन लेकर शामिल हुआ था सिख सैनिक, जाएगी नौकरी

Wed, 26 Sep 2018 04:24 AM IST
एजेंसी, लंदन
विज्ञापन
trooping the colour
विज्ञापन
ब्रिटिश महारानी एलिजाबेथ द्वितीय के जन्मदिन पर होने वाले वार्षिक समारोह ‘ट्रूपिंग द कलर’ समारोह में पगड़ी पहनकर परेड का हिस्सा बनने वाले पहले सिख सैनिक पर कार्रवाई का खतरा मंडरा रहा है। एक मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, 22 वर्षीय चरणप्रीत सिंह लाल कोकीन टेस्ट में पॉजीटिव पाए गए हैं। उन्हें इसके लिए अपनी नौकरी गंवानी पड़ सकती है।
विज्ञापन


बता दें कि पंजाब निवासी चरणप्रीत सिंह इस साल 21 अप्रैल को महारानी के 92वें जन्मदिन के दो महीने बाद जून में हुई परेड में मार्च करने वाले 1000 गार्ड्समैन में शामिल थे। ये ब्रिटिश गार्ड्समैन (शाही सुरक्षा में तैनात सैनिक) के 250 साल के इतिहास में पहला मौका था, जब किसी सैनिक ने परेड के दौरान परंपरागत ऊंची हैट की बजाय पगड़ी पहनी थी। चरणप्रीत का परिवार बचपन में ही पंजाब से लंदन चला गया था और फिलहाल लिसेस्टर में रहता है। उसे जनवरी 2016 में ब्रिटिश सेना में शामिल किया गया था।

पकड़े गए तीन सैनिकों में है शामिल

द सन अखबार की रिपोर्ट के अनुसार, ब्रिटिश गार्ड्समैन के एक अंदरूनी सूत्र ने दावा किया है कि चरणप्रीत सिंह पिछले सप्ताह सैनिक बैरकों में किए गए रेंडम डोप टेस्ट में फेल हो गया है और उसे ए-ग्रेड कोकीन के सेवन का दोषी पाया गया है। वह डोप टेस्ट में फेल होने वाले विंडसर की विक्टोरिया बैरकों के तीन सैनिकों में से एक है। 
विज्ञापन


बैरक में था चर्चा का केंद्र

सूत्र के अनुसार, चरणप्रीत के बारे में बैरकों में खुलेआम चर्चा होती है कि शाही महल के बाहर सार्वजनिक ड्यूटी पर तैनात किए जाने वाले गार्ड्स के लिए यह शर्मनाक व्यवहार है। अब उसके कमांडिंग अधिकारी पर निर्भर है कि वह उसे बाहर करते हैं या नहीं, लेकिन अभी तक क्लास-ए ड्रग्स लेते पकड़े जाने वाले सभी लोगों को बर्खास्त ही किया गया है। आर्मी पर्सनल सर्विस ग्रुप के चीफ ब्रिगेडियर क्रिस्टोफर कोल्स ने भी कई सैनिकों के कथित तौर पर ड्रग्स लेने की जांच चलने की पुष्टि की है। हालांकि उन्होंने सीधे तौर पर चरणप्रीत का नाम नहीं लिया।
विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें