भारतीय वाणिज्य दूतावास ग्वांगझू ने शेनझेन में ‘AI फॉर एस्पिरेशनल इंडिया’ विषय पर संगोष्ठी आयोजित की। इस दौरान आत्मनिर्भर भारत और विकसित भारत 2047 पर नवाचार रणनीतियों पर चर्चा हुई।
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भारतीय वाणिज्य दूतावास ग्वांगझू ने रविवार को चीन के तकनीकी केंद्र शेनझेन में एआई फॉर एस्पिरेशनल इंडिया (आकांक्षी भारत के लिए कृत्रिम बुद्धिमत्ता) विषय पर संगोष्ठी आयोजित की। यह कार्यक्रम स्वतंत्रता दिवस के 79वें समारोह के तहत आयोजित किया गया।
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यह संगोष्ठी दक्षिण चीन में भारतीय पेशेवरों के मंच, फोरम ऑफ इंडिया प्रोफेशनल्स इन साउथ चाइना (एफआईपीएससी) के सहयोग से आयोजित की गई। इसका उद्देश्य कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) के क्षेत्र में आत्मनिर्भर भारत बनाने और विकसित भारत 2047 के लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए नवाचारी रणनीतियों पर विचार करना था।
भारतीय वाणिज्य दूत ने दी प्रस्तुती
भारतीय वाणिज्य दूत शंभू हक्की ने भारत सरकार की एआई संबंधी पहलों पर प्रस्तुति दी। उन्होंने इंडिया एआई मिशन की जानकारी दी, जो सार्वजनिक और निजी क्षेत्रों में रणनीतिक कार्यक्रमों के माध्यम से नवाचार को बढ़ावा देता है।
हक्की ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की डबल एआई की परिकल्पना को भी विस्तार से समझाया और एफआईपीएससी सदस्यों से सस्ते एआई उपकरणों के विकास में सहयोग का आग्रह किया। एफआईपीएससी के कई सदस्यों ने एमएसएमई, शिक्षा और स्वास्थ्य क्षेत्र में एआई के उपयोग पर प्रस्तुति दी और भारतीय उद्यमियों के लिए व्यापार अवसरों पर सुझाव दिए।